असमोली थाना क्षेत्र के गांव मढ़न में रविवार को वर्ष प्रतिपदा उत्सव पर राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ का स्वंयसेवकों ने पथ संचलन निकाला। इसमें राष्ट्रीय स्वयं सेवकों ने पूर्ण गणवेश में भाग लिया। मुख्य वक्ता विभाग कार्यवाह छत्रपाल सिंह ने दीप प्रज्वलित करके शुभारंभ किया। विभाग कार्यवाह ने कहा चैत्र शुल्क प्रतिपदा उत्सव से नवरात्र शुरू होते हैं और सनातन धर्म ग्रंथों के अनुसार ब्रह्मा जी ने सृष्टि की रचना चैत्र शुल्क प्रतिपदा के दिन ही की थी। इसलिए सृष्टि का प्रथम दिवस माना जाता है। पुराणों में उल्लेख मिलता है कि इसी दिन से कालगणना का प्रारंभ हुआ था और ब्रह्मांड का संचालन शुरू हुआ था। इसके अलावा यह दिन विक्रम संवत का पहला दिन होता है। जिसे भारत के प्राचीन राजा सम्राट विक्रमादित्य ने अपने शासनकाल में आरंभ किया। यही कारण है कि इसे भारतीय नववर्ष के रूप में भी मनाया जाता है।
कहा कि जाति-पंथ को भूलकर भारत माता की रक्षा के लिए एक होना चाहिए। पथ संचलन मदन मोहन सरन सरस्वती विद्या मंदिर से प्रारंभ होते हुए मेन रोड मेन चौराहे से अंदर पूरे गांव भर में होते हुए विद्यालय में ही संपन्न हुआ। इस दौरान खंड कार्यवाह अंकुर कुमार, सुभाष कुमार, जिला सेवा प्रमुख गौरव, मनोज कुमार, यशदीप गुप्ता, ओमवीर शर्मा, हरिओम शर्मा, अमित गुप्ता आदि रहे। इधर, संभल के मोहल्ला कोटपूर्वी स्थित शिशु शिक्षा केंद्र मंदिर से पथ संचलन किया गया। यह सूर्यकुंड मंदिर, शंकर कॉलेज चौराहा, पुरानी तहसील रोड, सब्जी मंडी, टंडन तिराहा, चक्की का पाट, डाकखाना रोड पहुंचा, यहां से रईसों वाले मंदिर, पंजाबी मंदिर सरथल चौकी, दरगाह, रहट वाला मंदिर होते हुए वापस शिशु शिक्षा केंद्र मंदिर पहुंचकर संपन्न हुआ। सरायतरीन में भी पथ संचलन किया गया। यहां विभाग प्रचारक शरद, नगर संघ चालक कमल कौशल, नगर कार्यवाह गोपी, टिंकू, डॉ.नीरज, सुमित श्याम, अरविंद दक्ष, शिवकुमार आदि रहे।