केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री आवासीय योजना (शहरी) का लाभ तो मिला लेकिन अब समस्या तीसरी किस्त की है। नतीजतन अभी मकान अधूरे पड़े हैं।
अब लाभार्थी डूडा कार्यालय के चक्कर लगा रहे हैं। तीसरी किस्त नहीं आने के चलते कहीं मकान में रंग नहीं हुआ तो कहीं खिड़की नहीं लगी हैं। कई मकान ऐसे हैं जिनका प्लास्टर भी नहीं हुआ है। चार महीने से तो तीसरी किस्त मिली नहीं है। कब मिलेगी इसकी जानकारी भी किसी को नहीं है। परियोजना अधिकारी का दावा है कि शासन से बजट की मांग की गई है। बजट मिलने पर तीसरी किस्त जारी कर दी जाएगी। संभल जिले में तीसरी किस्त का इंतजार करने वाले लाभार्थियों की संख्या 30,350 है। इन लाभार्थियों को तीन किस्तों में ढाई लाख रुपये दिए जाने हैं। पहली किस्त 50 हजार और दूसरी किस्त 1.50 लाख की मिल गई है। तीसरी किस्त 50 हजार की जारी होनी है।
योजना की पात्रता
- नगरीय क्षेत्र का निवासी होना चाहिए।
- तीन लाख रुपये वार्षिक आय होनी चाहिए।
- पति-पत्नी व बच्चों को परिवार माना जाएगा।
- कोई अकेला है और बेघर है तो वह भी पात्र है।
क्या बोले लोग
2018 में आवेदन किया था। दो बार किस्त के रुपये आ गए। आखिरी किस्त आठ महीने से नहीं आई है। मकान में दरवाजा तक नहीं लग पाया है। जिससे हर समय खतरा बना रहता है। कपड़े की चादर टांगकर रहना पड़ रहा है।
काजल, मोहल्ला हल्लू सराय, संभल
चार साल पहले आवेदन किया था। तीसरी किस्त रह गई है। जिसकी वजह से मकान में काम अधूरा पड़ा है। पवांसा में अधिकारियों के पास जाते हैं। वहां सही जानकारी तक नहीं मिल पाती। मकान में प्लास्टर आदि का कार्य रह गया है।
नन्ही, मोहल्ला हल्लू सराय, संभल
एक साल पहले दूसरी किस्त आई थी। उसके बाद जब तीसरी किश्त के लिए हम पवांसा कार्यालय में पता करने गए तो वहां सुनवाई नहीं हुई। कई बार जांच की जा चुकी है। अब तीसरी किस्त का इंतजार है।
राबिया, चौधरी सराय, संभल
तीन साल पहले आवेदन किया था। दो बार किस्त में रुपये आए। आखिरी किस्त आनी बाकी है। कब आएगी इसकी जानकारी अधिकारी नहीं देते हैं।
कोकिला, डेरा सराय, संभल
बजट नहीं आया है। इसलिए तीसरी किस्त लाभार्थियों को नहीं मिली है। बजट आने पर सभी की समस्या का समाधान हो जाएगा।
अंजू रानी, जिला परियोजना अधिकारी, संभल