अजीजपुर गांव के प्राथमिक विद्यालय में मिड डे मील में फर्जीबाड़ा करने को लेकर प्रधानाध्यापक और प्रधान के पुत्र के बीच मतभेद हो गए। जिस कारण बीते छह दिनों से विद्यालय में छात्रों को मध्याह्न भोजन नहीं मिला है। प्रधानाध्यापक और प्रधान के पुत्र एक-दूसरे पर मिड-डे मील में धांधली करने और कराने का आरोप लगा रहे हैं।
प्रधानाध्यापक की ओर से बीईओ को पत्र लिखकर मामले की जानकारी दी गई है। एबीएसए ने दोनों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जुनाबई ब्लॉक क्षेत्र के अजीजपुर प्राथमिक विद्यालय में 172 छात्र पंजीकृत हैं। प्रतिदिन विद्यालय में छात्रों की उपस्थिति 70 से 75 के बीच रहती है।
इन छात्रों को नियमित रूप से मध्याह्न भोजन दिया जाता है। बीते छह दिन से विद्यालय में मिड डे मील नहीं बना है। दरअसल प्रधानाध्यापक और प्रधान के पुत्र के बीच मिड डे मिल से लाभ कमाने के लिए बच्चों की फर्जी संख्या अधिक दिखाने को लेकर मतभेद हो गए हैं।
प्रधानाध्यापक का आरोप है कि प्रधान पुत्र प्रवीण कुमार मीड डे मील वितरण के समय उपस्थित रहने वाले छात्रों की संख्या से अधिक छात्र दर्शाने का दबाव बनाते हैं। वहीं प्रधान के पुत्र का आरोप है कि प्रधानाध्यापक नियमित उपस्थित छात्रों की संख्या से दस अधिक छात्र दर्शा रहे थे।
प्रधानाध्यापक का आरोप है कि प्रधान पुत्र कंपोजिट ग्रांट का भी हिसाब मांगते हैं, जिसका उन्हें कोई अधिकार नहीं है। इसी बात को लेकर दोनों के बीच मतभेद शुरू हो गए। मतभेद के चलते प्रधान ने मिड डे मील की धनराशि निकालने से इनकार कर दिया, जबकि समस्त अभिलेख एवं वित्तीय कार्य प्रधान के द्वारा ही किए जाते हैं।
मिड डे मील सामग्री की धनराशि न मिलने के कारण 7 अक्टूबर से बच्चों का मध्याह्न भोजन बंद हो गया है। शिकायत पर इस मामले में एबीएसए जुनावई की ओर से ग्राम प्रधान व प्रधानाध्यापक को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। प्रधानाध्यापक पीतम सिंह की शिकायत पर एबीएसए ने ग्राम प्रधान को अगले दिन से ही मध्याह्न भोजन बनवाने के आदेश दिए हैं।