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संभल हिंसा: युवक की कहानी संदिग्ध, बाजार में ठेला ले जाना संभव नहीं, एसपी बोले- जो गोली लगी वह पुलिस की नहीं

Wed, 14 Jan 2026 01:20 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, संभल

सार

चंदाैसी की कोर्ट ने संभल हिंसा के मामले में तत्कालीन सीओ समेत 22 कर्मियों के खिलाफ केस दर्ज करने के आदेश दिए है। इसके बाद एसपी कृष्ण कुमार विश्नोईने कहा कि हिंसा वाले इलाके में भारी पुलिस फोर्स तैनात करने के साथ बाजार भी पूरी तरह बंद था। इस हाल में युवक वहां बिस्किट का ठेला लेकर नहीं पहुंच सकता। उन्होंने पीड़ित की कहानी को संदिग्ध बताया।
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संभल के एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई। (फाइल) - फोटो : अमर उजाला।
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संभल में जामा मस्जिद सर्वे के चलते जामा मस्जिद के इलाके में भारी पुलिस फोर्स तैनात किया गया था। बाजार भी पूरी तरह बंद था। यह चौकसी सर्वे के चलते बरती जा रही थी। युवक बिस्किट बेचने का ठेला लेकर वहां तक पहुंच ही नहीं सकता था।

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युवक की कहानी पूरी तरह संदिग्ध है। जामा मस्जिद के पिछले हिस्से वाले रास्ते से आई भीड़ ने पुलिस पर पथराव और फायरिंग की थी। इसके बाद पुलिस ने मोर्चा संभाला था। बवाल कर रहे लोगों को खदेड़ा था। यह कहना है संभल के एसपी कृष्ण कुमार विश्नोई का।

उन्होंने यह बात मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के रिपोर्ट दर्ज करने वाले आदेश के क्रम में कही है। एसपी ने बताया कि युवक के शरीर में जो गोली लगी है। वह 7.65 एमएम की है। जो पुलिस इस्तेमाल नहीं करती है। इससे स्पष्ट होता है कि पुलिस द्वारा गोली नहीं चलाई गई है।
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जिस बोर की गोली युवक को लगी है वह गोली शारिक साटा गिरोह के तीन गुर्गों ने चलाई थी जो उनसे बरामद भी हुई है। जिस हथियार में चलाई थी वह हथियार भी बरामद हो चुके हैं। एसपी का कहना है कि पुलिस पर लगाए गए आरोप निराधार हैं।

न्यायिक जांच आयोग द्वारा जांच की गई थी। जिसमें पुलिस की गोली चलाने की भूमिका सामने नहीं आई थी। बल्कि 29 पुलिसकर्मी फायरिंग और पथराव से घायल हुए थे।

संभल हिंसा (फाइल) - फोटो : संवाद
जामा मस्जिद सर्वे के दिन थ्री लेयर सुरक्षा थी। धारा 163 लागू थी। आम लोगों की आवाजाही को बंद कर दिया गया था। ऐसे में कोई व्यक्ति बिस्किट से भरा ठेला लेकर जामा मस्जिद के नजदीक नहीं पहुंच सकता था। बाजार भी पूरी तरह बंद था। भीड़ ने बवाल 7.45 बजे से पहले कर दिया था। जबकि पुलिस पर गोली चलाने का आरोप लगा रहा व्यक्ति घर से आठ बजे निकलने की बात कह रहा है। फिर वह जामा मस्जिद तक आठ बजे कैसे पहुंचा।  डीएम, संभल।

चंदाैसी कोर्ट के दिए आदेश (फाइल) - फोटो : संवाद


संभल में हिंसा (फाइल) - फोटो : संवाद

संभल में हिंसा (फाइल) - फोटो : संवाद

संभल हिंसा (फाइल) - फोटो : संवाद

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संभल में हिंसा (फाइल) - फोटो : संवाद
न्यायालय का जो आदेश हुआ है। उसके खिलाफ सक्षम न्यायालय में अपील की जाएगी। संभल में घटित घटना की जांच न्यायिक जांच आयोग द्वारा भी पूरी की जा चुकी है। इसमें संभल पुलिस की कोई भूमिका नहीं पाई गई। - कृष्ण कुमार बिश्नोई, एसपी, संभल।
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