असमोली गांव स्थित एक निजी अस्पताल में हुई नर्स की मौत की गुत्थी को सुलझाने के लिए पुलिस ने विशेषज्ञों के साथ अस्पताल में क्राइम सीन री क्रिएट कराया। सीओ कुलदीप कुमार का कहना है कि आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया है। क्राइम सीन के री क्रिएट होने से मौत की गुत्थी को सुलझाने में मदद मिलेगी।
हत्या की यह घटना 11 मार्च की रात में हुई थी। पुलिस ने इस मामले में दो कंपाउंडर गांव रामनगर निवासी रियाज और परियावली निवासी जीशान के साथ अस्पताल संचालक डॉ. सुभाष पाल के खिलाफ केस दर्ज किया। तीनों आरोपियों को पुलिस गिरफ्तार करके जेल भेज चुकी है।
कंपाउंडरों ने पुलिस को बताया था कि 11 मार्च की रात सभी ग्राउंड फ्लोर में बने कमरे में बैठकर बातें कर रहे थे, इसी दौरान नर्स और जीशान के बीच बहस हुई। इस पर रियाज ने सीसीटीवी कैमरे बंद कर दिए। नर्स अस्पताल की दूसरी मंजिल पर पहुंच गई। इसी दौरान आरोपी भी छत पर पहुंच गए और छत से गिराकर हत्या कर दी।
वहीं, मृतका के भाई का कहना है कि उसकी बहन क्षेत्र के निजी अस्पताल में पांच माह से स्टाफ नर्स के तौर पर काम करती थी। अस्पताल प्रबंधन द्वारा जब उन्हें बुलाया गया था तो उनकी बहन बेहोशी की हालत में पड़ी थी। उन्होंने बहन को अस्पताल भर्ती कराया। जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
आशंका है अस्पताल संचालक व कंपाउंडरों ने दुष्कर्म के बाद बहन को दो मंजिला इमारत से फेंककर हत्या की। मौत की गुत्थी को सुलझाने के लिए ही शुक्रवार को क्राइम सीन स्पेशलिस्ट की फील्ड यूनिट टीम ने क्राइम सीन को री क्रिएट किया। उन्होंने नर्स के पुतले को ऊपर से नीचे गिराया। ताकि यह पता लगाया जा सके कि नर्स की हत्या हुई या फिर उसने आत्महत्या की। टीम विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी और अध्ययन के बाद यह सौंपी जाएगी।