उन्होंने संबोधन के दौरान यादवों को साधने की पूरी कोशिश की। साथ ही मुलायम परिवार पर अन्य किसी यादव को आगे न बढ़ाने का आरोप लगाया।उन्होंने अपने पूरे भाषण में बदायूं लोकसभा क्षेत्र के यादवों को सम्मोहित करने का पूरा प्रयास किया। उन्होंने कहा कि सपा में एक ही परिवार के लोग चार चार बार मुख्यमंत्री बन गए, क्या गुन्नौर में कोई और यादव नहीं मिला।
ऐसी सपा को तुम्हें विदा कर देना चाहिए। मध्यप्रदेश के जिस इलाके से वो आते हैं वहां यादवों के 500 वोट भी नहीं है, पीएम मोदी ने उन्हें सीएम बनाया और यदुवंश का मान बढ़ाया है। उन्होंने स्थानीय लोगों को मथुरा से जोड़ने का प्रयास किया। बोले, अभी श्रीराम की अयोध्या देखिए और चुनाव के बाद श्रीकृष्ण की मथुरा का आनंद लेना। संबोधन के आखिर में उन्होंने कहा कि यदुवंशी वचन और धर्म के पक्के होते थे।
उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने अपनी बुआ को दिए वचन के अनुसार शिशुपाल की 99 गलतियों को माफ किया था और 100 वीं गलती पर सुदर्शन चक्र से उसका सिर धड़ से अलग कर दिया था। यदुवंशियों चुनाव नजदीक है और आप भी अपनी अंगुली बचाकर रखना। मतदान वाले दिन अपनी इस अंगुली से सुदर्शन चक्र रूपी बटन दबाकर विरोधियों को परास्त कर देना।
पहले ताजमहल भेंट करते थे, अब श्रीकृष्ण की गीता देते हैं
मध्यप्रदेश के सीएम मोहन यादव ने कहा कि पहले देश में आने वाले विदेशी मेहमानों को ताजमहल भेंट किया जाता था, लेकिन अब श्रीकृष्ण की गीता भेंट की जाती है।
जहां-जहां पड़े श्रीराम-कृष्ण के पद, वहां बनेंगे तीर्थ स्थल
संबोधन के दौरान मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव ने कहा कि उनकी सरकार निर्णय ले चुकी है कि चित्रकूट सहित पूरे मध्य प्रदेश में जहां जहां प्रभु श्रीराम व श्रीकृष्ण के पग पड़े हैं, वहां-वहां तीर्थ स्थल बनाए जाएंगे।
गुन्नौर में सपा को मैं लाया, मैं ही करुंगा बाहर : अजीत
पूर्व विधायक अजीत कुमार उर्फ राजू यादव ने कहा कि गुन्नौर में सपा को वह लेकर आए थे। मुलायम सिंह के लिए उन्होंने अपनी सीट छोड़ दी थी। उससे पहले सपा गुन्नौर से गायब थी। अब यहां से सपा को बाहर भी मैं ही कराऊंगा।
मोदी-योगी सामान्य नहीं, दिव्य पुरुष : गुलाब देवी
यूपी की माध्यमिक शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सामान्य और साधारण पुरुष नहीं हैं। दिव्य पुरुष हैं। उनके दर्शन मात्र से ही शक्ति मिलती है। विपक्ष में एकता नहीं है। इसलिए वह मुकाबले में नहीं है। तीसरी बार भी भाजपा की ही सरकार बनेगी।