जुनावई। भीषण गर्मी और उमस के बीच जुनावई क्षेत्र के 54 गांवों में 72 घंटे तक बिजली आपूर्ति ठप रही। शुक्रवार को गढ़िया गांव के पास मेन लाइन पर आकाशीय बिजली गिरने से फॉल्ट हो गया था। तीन दिन तक बिजली नहीं आने से ग्रामीणों को भीषण गर्मी में परेशानी उठानी पड़ी। घरों में लगे सबमर्सिबल और नलकूप बंद होने से पेयजल संकट भी गहरा गया। वहीं, इनवर्टर भी जवाब दे गए। पंखे और कूलर बंद होने से गर्मी में लोगों का हाल बेहाल रहा।
ग्रामीणों का आरोप है कि तीन दिन तक बिजली संकट रहने के बावजूद विभागीय अधिकारियों की ओर से आपूर्ति बहाल होने की स्पष्ट समय सीमा नहीं बताई गई। शिकायत करने पर भी संतोषजनक जवाब नहीं मिला। गुन्नौर के उपखंड अधिकारी सहे जोशी ने बताया कि शुक्रवार को गढ़िया गांव के नजदीक मेन लाइन पर बिजली गिरने से फॉल्ट हुआ था। रविवार तक हैदराबाद तक की लाइन को दुरुस्त कर लिया गया था। जुनावई तक की लाइन को ठीक करने का काम चल रहा था। लाइन दुरुस्त होते ही आपूर्ति बहाल करने की बात कही गई।
रविवार दोपहर करीब एक बजे 72 घंटे बाद जुनावई क्षेत्र के 54 गांवों में बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई। बिजली आते ही उपभोक्ताओं के चेहरे खिल उठे। सबमर्सिबल और नलकूप चलने से पेयजल संकट दूर हुआ। साथ ही पंखे और कूलर चलने से लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। क्षतिग्रस्त मेन लाइन को दुरुस्त करने के बाद बिजली विभाग की टीमों ने आपूर्ति सुचारू कराई।