सरायतरीन। जम्मू-कश्मीर में बंधक बनाए गए सात मजदूर सोमवार शाम अपने घर के लिए रवाना हो गए हैं। परिजनों ने ठेकेदार पर तीन लाख रुपये हड़पने और मजदूरों को बंधक बनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने पुलिस से इस मामले में कार्रवाई की मांग की है।
ठेकेदार 11 अगस्त को मजदूरों को कश्मीर ले गया था। उसने मजदूरों को जम्मू के एक ईंट भट्ठे पर छोड़कर तीन लाख रुपये ले लिए। 13 अगस्त के बाद से मजदूरों से संपर्क नहीं हो पाया था। रविवार को एक वीडियो सामने आने के बाद उनके बंधक होने की जानकारी मिली।
हयातनगर थाना क्षेत्र के फत्तेहपुर उत्तमा गांव के गुड्डू ने शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि शाकिर और जाकिर के कहने पर हरवीर, सुरजीत, राजकुमार, बॉबी, गुड्डू, छोटे सिंह और सोहनलाल काम पर गए थे। ईंट भट्ठा मालिक ने उन्हें खर्चे के पैसे देने से इन्कार कर दिया। विरोध करने पर सभी मजदूरों को बंधक बना लिया गया।
मारपीट और धमकी देने का आरोप
काम न करने पर मजदूरों से मारपीट की गई, जिससे एक मजदूर का दांत टूट गया। वे सात दिन तक बंधक बनाकर रखे गए। फत्तेहपुर उत्तमा निवासी सोनिया ने बताया कि उनके बेटे अमित ने फोन पर जानकारी दी। अमित ने बताया कि उसे छुरा रखकर धमकाया जा रहा है। उसे खाने-पीने के लिए कुछ नहीं दिया जा रहा था।
वायरल वीडियो और पुलिस जांच
जम्मू से वायरल एक वीडियो में मजदूर हाथ जोड़कर विनती करते दिखे। वीडियो में उन्होंने खाना और पैसे न मिलने की बात कही। परिजनों ने सरकार और पुलिस से मजदूरों को मुक्त कराने की मांग की थी। संभल के क्षेत्राधिकारी कुलदीप सिंह ने बताया कि शिकायती पत्र मिला है और इसकी जांच की जाएगी। मजदूर जम्मू कश्मीर से लौट रहे हैं। उनसे भी जानकारी की जाएगी।