चंदौसी। हाई ब्लड प्रेशर, शुगर आदि कुछ ऐसी बीमारियां हैं, जो एक बार लग गई तो ताउम्र दवाई खानी पड़ती है। यह बीमारियां आनुवांशिक तो हो सकती हैं लेकिन एक दूसरे के छूने या साथ खाने पीने से नहीं फैलती हैं। बावजूद इसके इनका दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। इसमें कई तरह का कैंसर भी शामिल हैं। यदि आप भी इससे पीड़ित हैं तो चिंता मत कीजिये, क्योंकि यह दवाइयां अब आपको को अपने घर के निकट ही मिलने वाली हैं, वह भी निशुल्क और जिंदगीभर के लिए। इसके लिए स्वास्थ्य एवं चिकित्सा विभाग 16 जनवरी से जिलेभर में इन रोगों से पीड़ित मरीजों को चिह्नित करने के लिए अभियान शुरू करने जा रहा है। आपको सिर्फ घर पर पहुंचने वाली टीम को अपना नाम पता लिखाना है, फिर आपको जिंदगी भर फ्री दवाई मिलती रहेगी।
हाई ब्लड प्रेशर (हाइपरटेंशन), डायबिटीज (शुगर) की समस्या आम होती जा रही है। कैंसर भी लगातार बढ़ता जा रहा है। बड़ी संख्या में लोग इन बीमारियों की चपेट में आते जा रहे हैं। जिसे देखते हुए स्वास्थ्य एवं चिकित्सा विभाग गंभीर हो गया है। शासन ने अब घर घर जाकर ऐसे मरीजों को चिह्नित कर उन्हें सूचीबद्ध करने का फैसला लिया है।
जुनावई के प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. मनोज कुमार ने बताया कि जो बीमारियां एक दूसरे व्यक्ति से नहीं फैलतीं, उन्हें गैर संचारी रोग कहा जाता है। हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, कैंसर भी इसी श्रेणी में आते हैं। इस अभियान में प्रथम स्टेज में ब्रेस्ट, सर्वाइकल आर ओरल तीन प्रकार के कैंसर को लिया जा रहा है। 16 जनवरी से 15 फरवरी 2020 तक जिलेभर में गैरसंचारी रोगों से पीड़ित लोगों के चिन्हांकन के लिए अभियान शुरू किया जा रहा है।
हाई बीपी (उच्च रक्तचाप), शुगर व कैंसर की जांच घर घर की जाएगी। यह बीमारियां सामान्यत 30 वर्ष की आयु के बाद ही होती है, इसलिए जिले के सभी 30 साल या उससे अधिक आयु के लोगों की जांच की जाएगी। जांच का भी कोई शुल्क नहीं लिया जाएगा। रोगियों को चिह्नित किया जाएगा। जो रोगी होंगे, उन्हें अब उनके घर के निकट ही जगह-जगह बने स्वास्थ्य उपकेंद्रों पर उपरोक्त बीमारियों की दवाइयां निशुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी।
फिलहाल पचास केंद्रों पर शुरू होगी निशुल्क दवाई की सुविधा
चंदौसी। मुख्य चिकित्साधिकारी डा. अमिता सिंह ने बताया कि यह बड़ा अभियान है और हजारों लोगों को इसका सीधा लाभ मिल सकेगा। जिले में कुल 306 उपकेंद्र हैं, लेकिन अभी सभी पर कम्युनिटी हेल्थ आफीसर (सीएचओ) उपलब्ध नहीं हो पाने के कारण 30 उपकेंद्र व बीस प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों यानी कुल पचास स्थानों पर दवाई की सुविधा शुरू की जा रही है। इन सभी स्थानों पर सीएचओ तो तैनात किए ही जा रहे हैं, साथ उपकेंद्रों पर डाक्टर भी लगाए जा रहे हैं, जो सप्ताह में दो दिन वहां बैठेंगे। इसमें राजपुर में डा. अजय त्यागी, सौंधन में डा. संदीप सिंह, धनारी में डा. राज किशोर, एंचोड़ा कंबोह में डा. शोबीर सिंह, फरीदपुर में डा. पवन सिंह, गुमथल में डा. मनोज कुमार, मिर्जापुर में डा. प्रदीप अग्रवाल की ड्यूटी लगाई गई है।