संभल। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) की टीम ने शनिवार को नगर के मोहल्ला कोटगर्वी स्थित प्राचीन कल्कि विष्णु मंदिर और मंदिर परिसर स्थित कृष्ण कूप का सर्वे किया। टीम ने मंदिर बनावट को देखने के साथ ही साक्ष्य भी एकत्र किए। जिसके बाद टीम वापस लौट गई। शुक्रवार को एएसआई की टीम ने संभल और आसपास बने 19 कूप और पांच तीर्थों का सर्वे किया था।
शनिवार की सुबह करीब 11 बजे एएसआई की टीम प्राचीन कल्कि विष्णु मंदिर परिसर में पहुंची और मंदिर की बनावट काे बारीकी से देखा। इसके बाद मंदिर परिसर में स्थित कूप की जानकारी ली। कूप प्राचीन है जो छोटी ईंट से बना है। अष्ठ कोणीय इस मंदिर की देखभाल मध्य प्रदेश के अहिल्याबाई होल्कर परिवार द्वारा की जाती है। मंदिर परिसर में बनी दीवारें और गुंबद पर बनावन देखते ही लगता है कि यह प्राचीनकाल की नक्काशी है। एएसआई की टीम ने सर्वे पूरा कर लिया है। टीम ने कूप की सफाई कराने के निर्देश दिए। इसके बाद पालिका की टीम ने कूप के आसपास हो रही घास को काट कर सफाई व्यवस्था दुरुस्त कराई है।
पर्यटन विभाग करा रहा काम: पंडित महेंद्र शर्मा के बेटे अनुज शर्मा का कहना है कि कल्कि विष्णु मंदिर में पर्यटन विभाग की ओर से 86 लाख रुपये खर्च किए जाने हैं। पर्यटकों के ठहरने की व्यवस्था की जा रही है। तीन कक्ष बन रहे हैं। यज्ञशाला की व्यवस्था की जा रही है। कहा कि करीब एक बीघा जमीन मंदिर की है। लेकिन मंदिर के आसपास कुछ अतिक्रमण है। कई बार शिकायत कर चुके हैं लेकिन अतिक्रमण हटाने के लिए कोई कार्रवाई नहीं की गई।