सौंधन(संभल)। नखासा थाना क्षेत्र के ग्राम केशोपुर भंडी में ईंटों का ढेर दो बच्चों के लिए काल बन गई।ईंटों के ढेर में दबने से घायल हुए दूसरे बच्चे की भी उपचार के लिए मेरठ ले जाते वक्त रास्ते में मौत हो गई। एक ही गांव में दो बच्चों की मौत से परिवार के सदस्यों पर गम का पहाड़ टूट पड़ा है। परिवार के सदस्यों ने दोनों बच्चों के शव को दफना दिया। वहीं, पुलिस ने चंद्रभान की तहरीर के आधार पर गांव में मकान का निर्माण करा रहे चंद्रसेन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है।
रविवार की शाम करीब पांच बजे गांव केशोपुर भंडी निवासी चंद्रभान के आठ वर्षीय बेटे लक्की की ईंटों के ढेर में दबने से मौत हो गई थी, जबकि वीर सिंह का सात वर्षीय बेटा विशेष भी इस दौरान गंभीर रूप से घायल हो गया था। उपचार के लिए मेरठ ले जाते वक्त रास्ते में विशेष की भी मौत हो गई। परिजनों ने बताया कि गांव में एक व्यक्ति का मकान बन रहा है। ईंटों का ढेर सड़क पर लगा दिया है। शाम को दोनों बच्चे घरेलू सामान लेने के लिए किराने की दुकान पर जा रहे थे। इसी दौरान अचानक से ईंटों का ढेर भरभराकर गिर गया, जिसमें दोनों बच्चे दब गए थे। सूचना के बाद एसडीएम रमेश बाबू और पुलिस क्षेत्राधिकारी अरुण कुमार सिंह ने गांव पहुंचकर घटना के संबंध में जानकारी ली। अधिकारियों ने मृतक के परिजनों को हरसंभव मदद का भरोसा दिया है। नखासा इंस्पेक्टर ओमकार सिंह ने मृत लक्की के पिता चंद्रभान की तहरीर के आधार पर मकान का निर्माण करा रहे चंद्रसेन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है।