चंदौसी। बोर्ड की ऑफलाइन परीक्षा के आदेश के बाद छात्रों की चिंता बढ़ गई है। पिछले दो साल में विद्यालयों के बंद रहने और ऑनलाइन पढ़ाई से छात्रों की लेखन क्षमता प्रभावित हुई है।
ऑनलाइन पढ़ाई के कारण याद करने का रूटीन गड़बड़ा गया है। छात्र व शिक्षकों ने यह बात स्वीकार की है। शिक्षक बोले, छात्र गणित और विज्ञान पर विशेष ध्यान दें। डायग्राम सही तरीके से बनाने का अभ्यास करें। शिक्षक छात्रों को अभी तक तक याद किए पाठ्यक्रम को बार-बार याद करने की सलाह दे रहे हैं।
पिछले दो साल से ऑनलाइन पढ़ाई की थी। इससे लेखन क्षमता प्रभावित हुई है। विज्ञान की लैब में जाने का मौका नहीं मिला है। इसका असर अंकों पर भी पढे़गा।
सुरभि, 12वीं छात्रा
विद्यालय की कक्षाएं बंद रही, लेकिन ट्यूशन लगातार जाते रहे हैं। ऑफलाइन परीक्षा में कोई दिक्कत नहीं आएगी। मैं ऑफलाइन परीक्षा के लिए पूरी तरह से तैयार हूं।
बीना, दसवीं छात्रा
ऑफलाइन परीक्षा में इंटरनेट स्पीड की बाध्यता नहीं होती। विद्यार्थियों का ध्यान कक्षा में एकाग्रचित रहता है। जब वह कक्षा में बैठकर परीक्षा देते हैं। कक्षा में बैठकर परीक्षा देने से विद्यार्थियों को भविष्य में होने वाली प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आत्मविश्वास मिलता है।
नीरज अरोरा, शिक्षक बहजोई।
बोर्ड की ऑफलाइन परीक्षा में ज्यादा परेशानी नहीं होगी। बोर्ड ने प्रश्न पत्र को पहले के मुकाबले आसान किया है। गणित और विज्ञान के छात्रों को डायग्राम में कुछ कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है।
राकेश कुमार सिंह, शिक्षक चंदौसी
ऑनलाइन पढ़ाई से छात्रों की लेखन व याद करने की क्षमता प्रभावित हुई है। छात्रों को दो साल में वैकल्पिक प्रश्न हल करने की आदत पड़ गई थी, ऑफलाइन में परीक्षा में लिखना में परेशानी आएगी। इसके लिए छात्र याद करने के साथ लेखन का अभ्यास जारी रखें।
शिवेंद्रपाल सिंह, शिक्षक चंदौसी
अब ऐसे करें तैयारी:
- गणति के फार्मूलों को याद करें और लिखकर सवाल हल करने का अभ्यास करें।
- भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान के फार्मूला व डायग्राम बनाने का अभ्यास करें।
- जितना पाठ्यक्रम याद किया है, उसे कंठस्थ करें।
- याद किए हुए को लगातार लिखकर कर अभ्यास करें, इससे लेखन क्षमता बढ़ेगी और याद भी होगा।