चंदौसी (संभल)। गाजियाबाद में अधिवक्ताओं पर लाठी चार्ज के विरोध में बुधवार को तीसरे दिन भी अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहे और नारेबाजी कर रोष व्यक्त किया। साथ ही दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और प्रकरण की सीबीआई जांच कराने की मांग की।
गाजियाबाद प्रकरण को लेकर बुधवार को तीसरे दिन चंदौसी बार एसाेसिएशन के नेतृत्व में अधिवक्ता न्यायालय परिसर में एकत्र हुए और घटना को लेकर रोष व्यक्त किया। अध्यक्ष मोहम्मद नजर कुरैशी ने कहा कि अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज होना निंदनीय है। जिसे अधिवक्ता कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे। न्यायालय में सुनवाई के दौरान अधिवक्ताओं से अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया गया। विरोध करने पर अधिवक्ताओं पर लाठीचार्ज कराया गया। अधिवक्ताओं ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई कर पूरे प्रकरण की जांच सीबीआई से कराने की मांग की है। इसके अलावा अधिवक्ताओं के हित में प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने की मांग की। इस दौरान राजेश यादव, सचिन गोयल, राजेश कुमार, सुभाष यादव, बाबूलाल, महेश यादव, अख्तर सादैन, गोपेश कुमार आदि रहे।
तहसीलदार को दिया ज्ञापन
चंदौसी। रेवेन्यू बार एसाेसिएशन के अधिवक्ताओं ने गाजियाबाद प्रकरण को लेकर तहसीलदार को ज्ञापन दिया। राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन मेें दोषियों पर कार्रवाई करने की मांग की। इसके बाद न्यायिक कार्य से विरत रहे। अध्यक्ष तेजेंद्र देव सिंह ने कहा कि गाजियाबाद प्रकरण की जांच सीबीआई से कराई जाए। घायल अधिवक्ताओं को इलाज के लिए मुआवजा दिया जाए। इस दौरान वीरेंद्र सिंह, नईम अहमद, अशोक कुमार, प्रमोद कुमार, अवधेश कुमार आदि रहे। वहीं तहसील बार एसोसिएशन के अधिवक्ता भी न्यायिक कार्य से विरत रहे।