चंदौसी। तहसील क्षेत्र के गांव गणेशपुर में मनोकामना मंदिर की अब तक की जांच पूरी हो चुकी है। मंदिर के प्रबंधक पद व जमीन पर अपना हक जता रहे लोगों की आपत्तियों में पुष्टि नहीं हुई है कि ये जमीन उनकी है। जिससे प्रशासन ने 120 बीघा जमीन को कुर्क कर दिया है। अब प्रशासन को उक्त लोगों द्वारा अगले दावे का इंतजार है। दावा नहीं किया तो उक्त भूमि को लेकर अगली कार्रवाई की जाएगी।
बता दें कि राष्ट्रीय सनातन महासंघ के अध्यक्ष कौशल किशोर वंदेमातरम ने 31 दिसंबर 2024 को संपूर्ण समाधान दिवस में जिलाधिकारी राजेंद्र पैंसिया को शिकायती पत्र दिया था। जिसके माध्यम से कहा कि तहसील क्षेत्र के गांव गणेशपुर में वर्ष 1884 का प्राचीन मनोकामना मंदिर और विशाल कुंड है। कुंड में जमीन में बने स्रोतों से पानी आता है। अपितु काफी समय से कुंड सूखा है और जर्जर हो गया है। पुरातत्व विभाग से इसकी जांच कराई जाए। इस पर प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई शुरू कर दी। जांच में पाया गया कि 40 बीघा भूमि पर मंदिर और विशाल मनोकामना कुंड है। यहां जन्माष्टमी के दिन विशाल मेला लगता था। सरकार से मेले को लेकर धनराशि भी प्राप्त होती थी। वहीं मंदिर के नाम 80 बीघा भूमि पर खेती की जा रही है। मामला प्रशासन के संज्ञान आने पर कुछ लोगों ने मंदिर कमेटी का प्रबंधकहोने व जमीन पर अपना हक होने का दावा किया था। जिस पर तहसील प्रशासन ने आपत्तियां मांगी थीं। एसडीएम निधि पटेल ने बताया कि आपत्तियों से ये पुष्टि नहीं हुई कि मंदिर कमेटी का प्रबंधक कौन है। उक्त जमीन को कुर्क कर कार्रवाई की गई है। उन्होंने बताया कि यदि आगे भी लोग दावा करते हैं तो अगली कार्रवाई की जाएगी।