सहारनपुर। कानपुर कांड का मुख्य आरोपी विकास दुबे मध्यप्रदेश के उज्जैन से पुलिस गिरफ्त में ले लिया गया। सहारनपुर जिले की पुलिस और खुफिया टीमों ने भी बड़ी राहत महसूस की है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पूरे प्रदेश में अलर्ट था, जिस कारण सहारनपुर पुलिस भी सड़कों से लेकर कोर्ट तक और हरियाणा तथा उत्तराखंड बार्डर पर उसकी गिरफ्तारी के लिए सघन चेकिंग कर रही थी।
तीन दिन पहले तक वेस्ट यूपी में लोकेशन की सूचनाओं के बीच विकास दुबे के जिले की कोर्ट में आत्मसमर्पण करने तक के संदेश भी सोशल मीडिया पर चलते रहे। इसके चलते पुलिस टीमों ने सहारनपुर मुजफ्फरनगर मार्ग पर देवबंद प्लाजा टोल पर दुबे के ढाई लाख रुपये इनाम वाले पोस्टर चस्पा कराए थे। इसके बाद इनाम बढ़ाया गया तो पांच लाख के इनाम वाले पोस्टर बृहस्पतिवार को ही दीवानी कचहरी परिसर से लेकर विभिन्न थाना क्षेत्रों में चस्पा करवाए गए। शुक्रवार सुबह जब विकास दुबे के मध्यप्रदेश में मिलने की जानकारी मिली तो जिले की पुलिस और खुफिया टीमों ने बड़ी राहत महसूस की।
जिले में भी जमानत पर छूट गया था विकास
सहारनपुर। जिले में करीब 14 साल पहले एनडीपीएस एक्ट में कानपुर कांड के मुख्य आरोपी विकास दुबे को पकड़ा गया था। थाना जनकपुरी पुलिस ने उसे एसबीडी अस्पताल के पास से गिरफ्तार किया था। उस समय उसकी रीढ़ की हड्डी में दर्द की दिक्कत थी। बाद में उसे एंबुलेंस से ही कोर्ट में पेश किया गया। बताया जाता है कि उस समय पुलिस का पक्ष कमजोर पड़ने के कारण ही उसे आसानी से जमानत मिल गई थी।
पुलिस टीमें यहां भी थीं पूरी सक्रिय: मीणा
एसपी देहात अशोक कुमार मीणा का कहना है कि कानपुर कांड के आरोपी के गिरफ्त में आने से सूबे में सक्रिय सभी टीमों को राहत मिली है। सहारनपुर पुलिस भी इस मामले में कानूनी प्रक्रिया के तहत अपना काम करेगी।