फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

BSP: हाथी पर सवार हुए इमरान मसूद, नौ महीने में लिए दो बड़े फैसले, अब एक हुआ काजी परिवार

Thu, 20 Oct 2022 06:41 PM IST
कपिल kapil न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर
विज्ञापन
1 of 7
बसपा सुप्रीमो मायावती के साथ इमरान मसूद - फोटो : अमर उजाला
इमरान मसूद नौ माह पहले जनवरी में विधानसभा चुनाव की घोषणा होते ही कांग्रेस छोड़ कर सपा में शामिल हुए थे। सपा में कोई तरजीह नहीं मिलने से वो काफी समय से बसपा में जाने की तैयारी में लगे थे। दो सप्ताह पहले उनकी दिल्ली में बसपा सुप्रीमो पूर्व मुख्यमंत्री मायावती से भेंट हुई थी और उसके बाद बसपा में जाने पटकथा लिखी गई।

बुधवार को इमरान मसूद के साथ उनके दामाद शयान मसूद भी बसपा में शामिल हो गए। वरिष्ठ बसपा नेता नरेश गौतम, मंडल कोआर्डिनेटर अनिल कुमार, देहात विधानसभा प्रभारी अजब सिंह मौजूद रहे। इमरान मसूद ने कहा कि कि बसपा ही भाजपा को हराने में सक्षम है। हमारे समाज ने एक-तरफा वोट सपा को दिया, लेकिन सपा सफल नहीं हो सकी। उन्होंने कहा कि अब हम एक ताकत बनकर बसपा को जीत की ओर ले जाएंगे। क्योंकि बसपा ही भाजपा का विकल्प है। आने वाले निकाय चुनाव और 2024 के लोकसभा चुनाव में बसपा को जीत दिलाएंगे।
विज्ञापन

2 of 7
पूर्व विधायक इमरान मसूद - फोटो : अमर उजाला
इमरान मसूद ने नौ महीने में ही छोड़ दी सपा
पूर्व विधायक इमरान मसूद ने नौ महीने में ही सपा को अलविदा कह दिया। हालांकि उन्हें बसपा में आने में भी नौ माह ही लग गए। वो विधानसभा चुनाव के दौरान भी बसपा में जाना चाहते थे, लेकिन स्थानीय बसपा नेताओं की नाराजगी के कारण वो तब बसपा में शामिल नहीं हो सके थे। अब बसपा में आकर वो दलित-मुस्लिम समीकरण को साधने का प्रयास करेंगे। उनकी निगाहें नगर निकाय के मेयर पद और 2024 के सांसद सीट पर है। मेयर के चुनाव तक कई नेताओं के अन्य दलों में शामिल होने से भी राजनीतिक समीकरण बदल सकते हैं।
विज्ञापन

3 of 7
इमरान मसूद ने की सपा में जाने की घोषणा - फोटो : अमर उजाला
सहारनपुर जनपद के कद्दावार नेता पूर्व विधायक इमरान मसूद लंबे समय तक कांग्रेस में रह चुके हैं। कांग्रेस के राष्ट्रीय सचिव पद पर रहते हुए वो नौ महीने पहले कांग्रेस को छोड़ कर सपा में शामिल हुए थे। वो बेहट और देहात सीट से विधानसभा चुनाव लड़ना चाहते थे, मगर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उन्हें कोई तवज्जो नहीं दी थी, जिस कारण वो विधानसभा चुनाव नहीं लड़ सके। हालांकि उनके भाई नोमान मसूद रालोद छोड़ कर बसपा में शामिल होकर गंगोह से चुनाव लड़े। तब भी अंतिम समय तक इमरान मसूद ने बसपा में शामिल होने का प्रयास किया था, लेकिन बसपा में शामिल नहीं हो सके थे। उन्हें सपा में रहते हुए विधान परिषद के चुनाव में प्रत्याशी बनाए जाने की उम्मीद थी, मगर एमएलसी चुनाव में भी सपा ने उन्हें निराश किया था।

4 of 7
इमरान मसूद
अपनी नई सियासी पारी खेलने के लिए इमरान मसूद कई माह से फिर से बसपा में शामिल होने की तैयारी में जुटे थे। बुधवार को लखनऊ में बसपा सुप्रीमो पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने उन्हें बसपा में शामिल कर लिया। अब उनकी निगाहें मेयर और सांसद के चुनाव पर है। वैसे भी इमरान कई महीने से मेयर के चुनाव की तैयारी में लगे हैं। सीट आरक्षण के अनुसार वो अपने परिजनों को मेयर का चुनाव जरूर लड़ाएंगे। इसकी वो घोषणा भी कर चुके हैं। वो इन दोनों चुनाव में दलित-मुस्लिम समीकरण को साधना चाहते हैं, क्योंकि नगर निगम और लोकसभा सीट पर दलित और मुस्लिम वोटरों की संख्या काफी अधिक है।
विज्ञापन

5 of 7
इमरान मसूद - फोटो : अमर उजाला
मायावती ने किया ट्वीट, इमरान को पश्चिम यूपी का संयोजक बनाया
बसपा सुप्रीमो मायावती ने इमरान के पार्टी में आने पर अपने ट्यूटर एकाउंट पर ट्वीट किया है। उन्होंने लिखा है कि उप्र खासकर पश्चिमी यूपी की राजनीति में इमरान मसूद एक जाना पहचाना नाम है। वो अपने सहयोगियों के साथ सपा छोड़ कर बीएसपी में शामिल हो गए हैं, जिनका तहेदिल से स्वागत है, साथ ही मायावती ने इमरान को पश्चिमी यूपी बीएसपी का संयोजक बना कर पार्टी को हर स्तर पर मजबूत बनाने और खासकर अकलीयत समाज को पार्टी से जोड़ने की विशेष जिम्मेदारी सौंपी है।

यह भी पढ़ें: Hastinapur: नाव हादसे के दूसरे दिन भी चला सर्च अभियान, डूबे व्यक्ति का शव पांच घंटे बाद गंगा से बरामद
विज्ञापन

6 of 7
इमरान मसूद फाइल फोटो
काजी परिवार एक हुआ
इमरान मसूद के बसपा में शामिल होने पर काजी रशीद मसूद का सियासी परिवार फिर एक हो गया है। उनके भाई नोमान मसूद पहले से ही बसपा में हैं। चचेरे भाई शाजान मसूद और दामाद शयान मसूद भी बसपा में आ गए हैं।

यह भी पढ़ें: Meerut: किसान मेले का मंत्री संजीव बालियान ने किया उद्घाटन, 20 लाख के डॉग्स और 10 करोड़ का भैंसा बना आकर्षण
विज्ञापन
विज्ञापन

7 of 7
इमरान मसूद। - फोटो : amar ujala
इमरान ने बसपा को लुटेरों का गिरोह बताया था
बसपा में शामिल हुए पूर्व विधायक इमरान मसूद ने कांग्रेस में रहते हुए बसपा को पार्टी की बजाय लुटेरों का गिरोह बताया था। उनके इस बयान का वीडियो इन दिनों सोशल मीडिया पर भी खूब वायरल हो रहा है। जिसमें वे कह रहे हैं कि बसपा को वो पार्टी नहीं मानते, वो पैसे लूटने वालों का गिरोह है, जिसमें पैसे लेकर टिकट दिया जाता है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें