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ओवरलोडिंग का जुर्माना बढ़ने से ट्रांसपोर्टरों को झटका

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- ओवरलोडिंग पर पूर्व में था पांच हजार रुपये रुपये जुर्माना, अब 20 हजार
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- एक टन माल अधिक मिलने पर लगता है कुल 22 हजार रुपये जुर्माना
सहारनपुर। ओवरलोडिंग करने वालों पर जुर्माना राशि चार गुना बढ़ गई है। इससे जहां ओवरलोडिंग कर सड़कों को नुकसान पहुंचाने वालों पर शिकंजा कसा है तो, ऐसे ट्रांसपोर्टरों को भी झटका लगा है जिनके वाहनों में एक या दो टन माल अधिक पाया जाता था। क्योंकि निर्धारित क्षमता से एक टन अधिक माल मिलने पर पहले जहां सात हजार रुपये जुर्माना लगता था, अब 22 हजार रुपये हो गया है। इससे ट्रांसपोर्टरों को तगड़ा झटका लगा है।
दरअसल, परिवहन विभाग द्वारा पूर्व में तय मानक के विपरीत वाहन में एक टन अधिक माल होने पर पांच हजार रुपये ओवरलोडिंग जुर्माना और दो हजार रुपये पहले टन का जुर्माना लगता था। वहीं, अब ओवरलोडिंग पर 20 हजार रुपये और पहले टन पर दो हजार रुपये जुर्माना मिलनाकर कुल 22 हजार रुपये जुर्माना हो गया है। इसे ओवरलोडिंग करने वालों के खिलाफ सही कार्रवाई माना जा रहा है, लेकिन ट्रांसपोर्टरों का कहना है कि यह अव्यवहारिक भी है। नियम बनाने में ट्रांसपोर्टरों से भी सुझाव लिए जाने चाहिए। ताकि ट्रांसपोर्ट कारोबार भी बचा रहे।
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जिले में करीब 45 हजार ट्रांसपोर्ट वाहन
सहारनपुर जनपद में माल वाहक वाहन दो श्रेणी में कुल 45 हजार हैं। इनमें ट्रांसपोर्ट श्रेणी के वाहन 38,000 और हैवी ट्रांसपोर्ट श्रेणी के वाहनों की संख्या करीब 7000 है। सहारनपुर से हरियाणा, पंजाब, दिल्ली, जम्मू, हिमाचल प्रदेश सहित अन्य राज्यों के लिए ट्रांसपोर्ट सेवा है।
दो साल पूर्व बढ़ाई गई थी भार क्षमता
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की तरफ से अधिसूचना जारी होने पर दो साल पूर्व मालवाहक वाहनों की भार क्षमता बढ़ाई गई थी। पूर्व में छह चक्का (टायरा) ट्रक पर वाहन समेत 16.2 टन भार स्वीकृत था, जो बढ़ाकर 19 टन कर दिया गया था। इसी तरह अन्य वाहनों की भार क्षमता भी बढ़ाई गई थी।
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ट्रांसपोर्टरों की बात
सहारनपुर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष ब्रित चावला, सहारनपुर ट्रक यूनियन के अध्यक्ष सरदार गुरदीप सिंह बावा, सहारनपुर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष मुकेश दत्ता, ट्रांसपोर्टर अजय खटाना का कहना है कि ट्रांसपोर्टर टैक्स देते हैं, लेकिन सरकार को ऐसा कोई नियम बनाने के लिए ट्रांसपोर्टरों का भी सुझाव लेना चाहिए। क्योंकि इतना भारी भरकम जुर्माना अदा करने में ट्रांसपोर्टर पर आर्थिक बोझ बढ़ जाता है। लॉकडाउन के बाद से ट्रांसपोर्ट कारोबार पहले ही तंगी में है।
भार क्षमता वाहन समेत
वाहन का प्रकार ---- भार क्षमता
6 चक्का ----------- 19 टन
10 चक्का --------- 28.5 टन
12 चक्का --------- 36 टन
14 चक्का -------- 40 टन
16 चक्का -------- 43.5 टन
18 चक्का -------- 46 टन
20 चक्का -------- 55 टन
------- वर्जन
ओवरलोडिंग करने वालों पर जुर्माना राशि बढ़ाई गई है। शासन की गाइडलाइन के अनुसार ही जुर्माना की वसूली की जा रही है। -- आरपी मिश्रा, एआरटीओ (प्रवर्तन)
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