देवबंद। कमिश्नर रेलवे सेफ्टी (सीआरएस) नार्दर्न रेलवे दिनेश चंद देशवाल ने देवबंद-रुड़की रेलमार्ग का निरीक्षण किया। ट्रायल में पहले मोटर ट्राॅली और उसके बाद 130 किमी प्रति घंटे की स्पीड से स्पेशल ट्रेन दौड़ाकर सुरक्षा से जुड़े मानकों को परखा गया। सीआरएस ने बताया कि रेलमार्ग का ट्रायल सफल रहा है।
शनिवार को देवबंद-रुड़की रेलमार्ग के निरीक्षण से पूर्व सीआरएस दिनेश चंद देशवाल समेत अन्य अधिकारियों ने देवबंद स्टेशन पर पूजा अर्चना की। पंडित मुकेश शांडिल्य ने पूजा संपन्न कराई। इसके बाद अधिकारियों ने मोटर ट्राॅलियों में बैठकर ने निरीक्षण आरंभ किया। रेलमार्ग पर पड़ने वाले बड़े व छोटे ब्रिज, उत्तर प्रदेश में बन्हेड़ा खास और उत्तराखंड में झबरेड़ा रेलवे स्टेशन की बिल्डिंग, यार्ड, लेवल क्राॅसिंग आदि पर सुरक्षा से जुड़े मानकों को बारीकी से परखा गया। मोटर ट्राॅली के बाद सीआरएस समेत अन्य अधिकारियों ने देवबंद लौटकर रुड़की तक करीब 29.50 किमी के इस रेलमार्ग पर पहले 120 तथा उसके बाद 130 किमी प्रति घंटा की गति से स्पेशल ट्रेन चलाकर दोबारा ट्रायल किया।
सीनियर सेक्शन इंजीनियर रविंद्र कुमार ने बताया कि देवबंद-रुड़की रेलमार्ग पर सीआरएस का ट्रायल सफल रहा है। इस दौरान सुरक्षा से जुड़े सभी मानक सही मिलने पर सीआरएस ने संतुष्टि जताई है। इस मौके पर चीफ एडमिनिस्ट्रेटिव आफिसर (सीएओ बीएस तोमर, चीफ इंजीनियर कश्मीरी गेट, दलीप कुमार मिश्रा, चीफ इंजीनियर ब्रिज आरपी सिंह, मुरादाबाद मंडल के डीआरएम राजकुमार, स्टेशन अधीक्षक अनिल कुमार समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।