रविवार की शाम हुए सड़क हादसे ने गांव सहजवा को जैसे चेतना शून्य कर दिया हो। सोमवार को गांव में एक साथ दस अर्थियां उठी तो मानो पूरा गांव ही रो उठा। महिलाओं के करुण रुदन से वहां मौजूद हर शख्स की आंखेें नम हो गई।
सोमवार सुबह सहजवा गांव में जैसे की दस अर्थियां उठी तो सब रो पड़े। हादसे में मरे लोगों की अंतिम यात्रा में पूरा क्षेत्र उमड़ा था। कोई आंख ऐसी नहीं थी, जिसमें आंसू न हो। इस हादसे ने सभी को झकझोर दिया था। गमगीन माहौल में गांव के श्मशान में उनका अंतिम संस्कार किया गया। विधायक रविंद्र मोल्हू ने भी गांव पहुंचकर पीड़ित परिजनों को सांत्वना देते हुए हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
बता दें कि सोमवार की शाम रामपुर मनिहारान थाने के गांव सहजवा के ग्रामीण चाव देकर ट्रैक्टर-ट्रॉली में ग्राम सुल्तानपुर से वापस आ रहे थे। उनमें बच्चे और महिलाएं अधिक थी। चालाकपुर गांव के पास ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलट जाने से 10 महिलाओं और बच्चों की मौत हो गई थी, जबकि 40 से अधिक घायल।
रमेश के परिवार पर टूटा कहर
हादसे का कहर रमेश को तोड़ चुका है। रमेश की बेटी रज्जो और उसकी दो भांजी गांव घसौती निवासी राधिका एवं काजल की इस हादसे में मौत हो चुकी है।
कांग्रेसियों ने मृतकों के परिजनों केे सांत्वना दी
कांग्रेस पदाधिकारी ट्रैक्टर ट्रॉली हादसे में घायल हुए लोगों का हाल जानने के लिए सोमवार को अस्पताल पहुंचे। इतना ही नहीं, उन्होंने गांव सहजवा पहुंचकर मृतकों के परिजनों को ढांढस भी बंधाया।
बाद में कांग्रेसी डीएम से मिलने कलक्ट्रेट पहुंचे थे। यहां जिलाध्यक्ष शशी वालिया ने हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए मृतकों के परिजनों केे मुआवजा और घायलों के मुफ्त इलाज की मांग भी शासन और प्रशासन से की।
इस दौरान नरेश सैनी, संजीव कौशल, संदीप वर्मा, गणेश दत्त शर्मा, विवेक सिंह, अशु सैनी, जतिन सैनी, संजय वालिया, संदीप वालिया, अरविंद पालीवाल, सुखविंदर, नसीब खान, इकराम खान, जमाल अहमद, देवेंद्र कौशिक, मुमताज अहमद, जब्बार अहमी आदि थे।
सांसद ने ली दिल्ली में इलाज की जिम्मेदारी
सहारनपुर। चिलकाना में सड़क हादसे में घायल हुए तीन दर्जन से अधिक लोग शहर के अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती हैं। इनमें से कई जिंदगी और मौत के बीच झूल रहे हैं।
सांसद राघव लखनपाल शर्मा का कहना है कि यदि किसी की हालत गंभीर है और वह दिल्ली में इलाज कराना चाहता है तो वह मुफ्त इलाज कराएंगे। सांसद ने अपना एक प्रतिनिधिमंडल भी सोमवार को गांव सहजवा भेजा था, जिसने मृतकों के परिजनों को सांत्वना दी।
साथ ही घायलों के परिजनों को हर संभव मदद दिलाने का भरोसा दिया। उन्होंने घायलों को परिजनों को बताया कि यदि कोई दिल्ली में इलाज कराना चाहता है तो सांसद उसकी मदद प्रधानमंत्री राहत कोश से कराएंगे। गांव पहुंचने वालों में सुधीर पंवार, शीतल विश्नोई, संदीप रावत, मानवेंद्र, प्रीतम गुर्जर आदि थे।
अमर उजाला मदद को तैयार
गंभीर रूप से घायलों को यदि ब्लड (खून) की जरूरत है तो उसके परिजन अमर उजाला से हेल्पलाइन नंबर 9012996475 पर संपर्क कर सकते हैं। घायलों को बचाने के लिए जितने भी खून की जरूरत होगी, उसे अमर उजाला पूरा कराएगा। दुख की इस घड़ी में अमर उजाला पीड़ित परिवारों के साथ है।