फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Saharanpur News: नगर निगम ने जिला प्रशासन के कहने पर कराई मुनादी, अतिक्रमण नहीं हटाया

विज्ञापन
विज्ञापन
- सर्किट हाउस रोड मामले में नगर निगम और पुलिस ने कोर्ट में दाखिल किया गया जवाब
विज्ञापन

संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर। सर्किट हाउस रोड के चौड़ीकरण के मामले में शनिवार के अदालत में सुनवाई हुई। इसमें नगर निगम की तरफ से अतिक्रमण प्रभारी एवं सहायक नगर आयुक्त की तरफ से जवाब दाखिल किया गया। बताया कि चौड़ीकरण का कार्य लोक निर्माण विभाग करा रहा है, जबकि सड़क का स्वामित्व सिंचाई विभाग का है। नगर निगम ने जिला प्रशासन के अनुरोध पर मुनादी कराई थी।
दरअसल, सड़क के चौड़ीकरण के लिए सिंचाई विभाग द्वारा दोनों ओर के अतिक्रमण पर निशानदेही कराई गई थी। कथित अतिक्रमणकारियों को नोटिस जारी करते हुए चार अप्रैल तक खुद हटाने को कहा गया था, लेकिन प्रशासन ने चार अप्रैल का इंतजार किए बिना एक अप्रैल को ही अधिकारियों की टीम भेजकर जेसीबी से मकानों और दुकानों को ध्वस्त करा दिया था। मौके पर सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम सदर, दो थानों की पुलिस, लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग के अधिकारी व नगर निगम की टीम रही थी।
विज्ञापन

मामले में हसनपुर निवासी शमशेर सिंह गौतम ने भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में याचिका दायर कराते हुए न्याय की गुहार लगाई थी। उन्होंने महापौर, नगर आयुक्त और एसडीएम सदर सहित आठ अधिकारियों और 50 अज्ञात सरकारी कर्मचारियों को प्रतिवादी बनाया था। शनिवार को कोर्ट में सुनवाई थी, जिसमें नगर निगम की ओर से अतिक्रमण प्रभारी/सहायक नगर आयुक्त जेपी यादव की ओर से नगर निगम का पक्ष दाखिल किया गया।
विज्ञापन

उच्चाधिकारियों के निर्देश पर पहुंची थी पुलिस
थाना कुतुबशेर प्रभारी की ओर से भी भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट में अपना पक्ष दाखिल किया गया है। उनका कहना है कि शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए उच्चाधिकारियों के निर्देश पर वह थाना कुतुबशेर पुलिस को लेकर मौके पर पहुंचे थे। मौके पर कई विभागों के अधिकारी मौजूद थे। पुलिस द्वारा केवल शांति व्यवस्था बनाए रखने का काम किया गया। अतिक्रमण हटाने संबंधी कोई कार्रवाई पुलिस द्वारा नहीं की गई।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें