सहारनपुर, बेहट। शेरपुर पेलो से रेस्क्यू कर लाए गए तेंदुआ जिंदगी की जंग हार गया। बुधवार की रात उसकी इलाज के दौरान मौत हो गई। बृहस्पतिवार को बेहट रेंज में तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम हुआ। प्रथम दृष्टया तेंदुए की मौत पंजे में तार घुसने से हुए जख्म से होनी बताई जा रही है, हालांकि मौत के कारण की स्थिति पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही साफ हो सकेगी। बिसरा जांच के लिए बरेली स्थित आईवीआरआई (भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान) भेजा गया है।
सोमवार को गांव शेरपुर पेलो के पास एक फार्म के कटीले तारों की बाड़ में तेंदुए के फंसने की सूचना पर वन विभाग व मेरठ से बुलाई गई वाइल्डलाइफ की टीम उसे रेस्क्यू कर इलाज के लिए बेहट रेंज लेकर आई थी। उसके पंजे में गहरा जख्म था। वेटनरी डॉक्टर मोहम्मद अहमद उसके जख्म का इलाज रहे थे। वन्य जीव रेस्क्यू विशेषज्ञ वेटनरी डॉ. आरके सिंह से भी सलाह ली जा रही थी। इलाज के दौरान बुधवार की रात तेंदुए की मौत हो गई।
बृहस्पतिवार को मुजफ्फरनगर के डीएफओ कन्हैया पटेल, डीएफओ सहारनपुर श्वेता सेन, एसडीओ शिवालिक राकेश चंद्र यादव एवं डब्ल्यूडब्ल्यूएफ (वर्ल्ड वाइड फंड फॉर नेचर) की प्रतिनिधि आकांक्षा की निगरानी में वेटनरी डॉक्टरों की टीम से बेहट रेंज में तेंदुए का पोस्टमार्टम कराया गया। इसके बाद रेंज कार्यालय परिसर के पास ही जंगल में शव को आग लगाकर नष्ट कर दिया गया।
- मंगलवार को तेंदुए ने खाना व पानी ग्रहण नहीं किया। बुधवार को उसने कोई हरकत नहीं की, तो डॉक्टरों को बुलाया गया। डॉक्टरों ने चिकित्सीय परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। तेंदुए का पोस्टमार्टम कराने के बाद इसका बिसरा जांच और परीक्षण के लिए भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) बरेली भेजा गया है। - श्वेता सेन, डीएफओ