सहारनपुर। संचारी रोगों एवं दिमागी बुखार पर नियंत्रण के लिए चिकित्सा विभाग की टीमें हर घर की कुंडी खटखटाएंगी। साथ ही रोगों से बचाव के प्रचार के लिए दरवाजों पर स्टीकर चस्पा करेंगी। इस अभियान का नाम है दस्तक अभियान। खास बात यह है कि यह अभियान सहारनपुर में पहली बार चलेगा।
संचारी रोगों और दिमागी बुखार की रोकथाम के लिए जनपद में एक से 31 मार्च तक दो अभियान चलाए जाने हैं, जिनमें एक से 15 मार्च तक संचारी रोग नियंत्रण अभियान चलेगा, जबकि 15 से 31 मार्च तक दस्तक अभियान चलाया जाएगा। दस्तक अभियान जनपद में पहली बार चल रहा है। इसके तहत चिकित्सा विभाग की टीमें जनपद के प्रत्येक दरवाजे (करीब दस लाख घरों) पर जाएंगी। टीमें घरों में मच्छरों को पैैदा होने और पनपने से रोकने के लिए गमलों, नालियां, कूलरों, एसी और छतों पर पड़े खाली डिब्बों और टायरों आदि का जायजा लेंगी। खास बात यह है कि हर आठवें घर के दरवाजे पर एक स्टीकर चस्पा करेंगी, जिस पर बीमारियों से बचने के लिए क्या करें और क्या नहीं यह सब लिखा होगा। विभाग का मानना है कि दरवाजे पर लगे स्टीकर को पढ़कर लोग जागरूक होंगे। अभियान के लिए प्रत्येक ब्लॉक में टीमें गठित कर दी गई हैं।
बीते साल की घटनाओं से सबक
बीते साल डेंगू ने जनपद में जमकर कहर बरपाया था। जिले भर में 100 से अधिक लोगों की जान डेंगू से गई थी। हालांकि चिकित्सा विभाग मौतों की वजह डेंगू मानने से इनकार करता रहा है। मगर जिला अस्पताल में हुई जांचों में सौ से अधिक लोगों में डेंगू की पुष्टि हुई थी। शायद यही वजह है कि इस बार जनपद में दस्तक अभियान चलाया जा रहा है, जिससे कि बीते साल जैसी स्थिति ना बने।
बचने के लिए यह करें
-दिमागी बुखार का टीका जरूर लगवाएं।
-मच्छरों के काटने से बचने को मच्छरदानी, काइल आदि का प्रयोग करें।
-पूरे आस्तीन की कमीज, फुल पैंट मोजे पहनें।
-साफ सफाई का विशेष ध्यान रखें।
-पीने के लिए इंडिया मार्का हैंडपंप का पानी प्रयोग करें।
-पक्के और सुरक्षित शौचालय का प्रयोग करें।
-शौच के बाद व खाने के पहले हाथों को साबुन से अच्छे से धोए।
-नाखूनों को काटते रहें और शरीर की सफाई रखें।
-खानपान में विशेष सावधानी बरतें, बाहर का और बासी भोजन खाने से बचें।
यह बिलकुल ना करें
-मरीज की बेहोशी की स्थिति में उसके मुंह में कुछ नहीं डालें।
-झोलाछाप डॉक्टरों से इलाज ना कराएं, नजदीकी सरकारी अस्पताल जाएं।
-घर के आसपास गंदा पानी इकट्ठा न होने दें।
-खुले मैदान या खेतों में शौच ना करें।
दस्तक अभियान पूर्व में पूरब के जनपदों में चलाया जाता रहा है। मगर पहली बार सहारनपुर में यह अभियान चलेगा, जिसके तहत टीमें घर-घर जाकर लोगों को जागरूक करेंगी। हर आठवें घर के दरवाजे पर स्टीकर लगाया जाएगा, जिस पर क्या करें और क्या नहीं के बिंदु लिखे होंगे।
डॉक्टर शिवांका गौड़, नोडल अधिकारी।