सहारनपुर। गन्ना विभाग ने बकाया गन्ना मूल्य भुगतान करने में कोताही बरत रही चीनी मिलों को नोटिस जारी किए हैं। उन्होंने बकाया भुगतान में तेजी लाने के निर्देश देते हुए कहा इसमें लापरवाही करने वालों के विरुद्घ कार्रवाई की जाएगी। जिले के किसानों के चीनी मिलों पर करीब 676 करोड़ रुपये अभी भी बकाया हैं।
शुगर मिलों में पेराई सत्र अंतिम दौर में है। जिले की छह में से दो चीनी मिलें पेराई सत्र समाप्त कर चुकी हैं। गांगनौली दो अप्रैल और गागलहेड़ी चीनी मिल सात अप्रैल को बंद हो गई। दो शुगर मिलों में इसी माह और अन्य दो मिलों में आगामी महीने तक पेराई सत्र समाप्त होने की उम्मीद है। इसके बावजूद जनपद की शुगर मिलों पर लगभग 676 करोड़ रुपये बकाया हैं। गांव सहजवी के बिट्टू नंबरदार, गांव बिड़वी के सुधीर कुमार आदि किसानों का कहना है कि समय पर गन्ना मूल्य भुगतान नहीं होने से किसानों को आर्थिक किल्लत का सामना करना पड़ रहा है। इस समय गन्ने की फसल में लागत लगती है। इसके साथ ही बच्चों की पढ़ाई से लेकर परिजनों की दवाई पर होने वाले खर्च के लिए काफी परेशानी पैदा हो रही है। सरकार को बकाया गन्ना मूल्य भुगतान कराने के लिए दबाव डालना चाहिए।
जिले की चीनी मिलों पर करीब 676.25 करोड़ रुपये बकाया हैं। बकाया गन्ना मूल्य भुगतान करने में कोताही बरतने वाली सभी चीनी मिलों को नोटिस जारी किए गए हैं। उन्हें तत्काल बकाया गन्ना मूल्य भुगतान करने में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं। बकाया भुगतान करने में लापरवाही करने वाली शुगर मिलों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - कृष्ण मोहन मणि त्रिपाठी, जिला गन्ना अधिकारी।
कुल गन्ना मूल्य ------ 1355.15 करोड़ रुपये
अब तक किया गया भुगतान --- 678.90 करोड़ रुपये
अवशेष गन्ना मूल्य --------- 676.25 करोड़ रुपये
मिलों को सप्लाई गन्ना ---456 लाख क्विंटल
औसत शुगर रिकवरी -----10.49 प्रतिशत
चीनी का उत्पादन -----47.87 लाख क्विंटल
शीरा उत्पादन ------16.69 लाख क्विंटल