नकुड़ तहसील अध्यक्ष और मंत्री सहित छह लेखपाल निलंबित
नकुड़ (सहारनपुर)। एसडीएम ने हड़ताल पर गए उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के नकुड़ तहसील अध्यक्ष व मंत्री सहित छह लेखपालों पर एस्मा के तहत कार्रवाई कर तत्काल प्रभाव से इन्हें निलंबित कर दिया है। साथ ही अन्य लेखपालों को तुरंत काम पर लौटने की चेतावनी दी है।
दरअसल, उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के आह्वान पर तहसील के 50 से अधिक लेखपाल अपनी लंबित मांगों को लेकर नौ दिसंबर से हड़ताल पर हैं। इसके कारण राजस्व का काम प्रभावित हो रहा है। एसडीएम ने बताया कि नकुड़ तहसील में कुल 69 लेखपाल हैं। इनमें से सात हड़ताल पर नहीं गये थे। जबकि चार हड़ताल से वापस आ गए हैं। इसके अलावा एक लेखपाल पहले से ही निलंबित चल रहा है। दो लेखपाल चिकित्सीय अवकाश पर हैं। हड़ताल पर चल रहे तहसील के 55 लेखपालों को शासन के निर्देशानुसार नो वर्क नो वेतन के आधार पर नोटिस जारी किया गया है। उन्होंने बताया कि अपर मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश शासन द्वारा राजस्व विभाग की लेखपाल सेवा में हड़ताल को निषिद्ध कर दिया है। साथ ही एस्मा के तहत नो वर्क नो पेय एवं सर्विस इन ब्रेक के तहत कार्रवाई की जा चुकी है। उन्होंने बताया कि मंगलवार को उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के अध्यक्ष एवं सचिव को पत्र भेजकर चेतावनी दी गई है कि यदि समस्त लेखपाल तत्काल प्रभाव से कार्य पर वापस नहीं लौटते हैं तो उनके विरुद्ध एस्मा के तहत कार्रवाई की जाए। एसडीएम ने बताया कि उक्त चेतावनी के बाद भी लेखपाल काम पर नही लौटे थे। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ के तहसील अध्यक्ष यशपाल सिंह, मंत्री राजकुमार, सोनू कुमार कनिष्ठ उपाध्यक्ष, आशीष कुमार कोषाध्यक्ष, राकेश कुमार उपमंत्री तथा जाफर अली लेखा निरीक्षक के खिलाफ एस्मा के तहत कार्रवाई कर उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। अन्य हड़ताली लेखपालों को 24 घंटे के भीतर काम पर न लौटने की चेतावनी दी गई है।