एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता प्राची चौधरी का शुक्रवार को सहारनपुर पहुंचने पर जोरदार स्वागत किया गया। प्राची ने कहा कि विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतना उसका अगला लक्ष्य है। ओलंपिक की तैयारियों में अभी से जुटी है।
'प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने कहा था कि गोल्ड मत खरीदो, तो हम बाहर से गोल्ड ले आए हैं। सरकार की ओर से खिलाड़ियों को लगातार पूरा सहयोग मिल रहा है। खेल सुविधाओं और तैयारियों के लिए काफी सहारा मिलता है। इससे खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ता है'। जापान से गोल्ड मेडल जीतने के बाद अपने गांव झबीरण पहुंचीं प्राची चौधरी ने मीडिया से बातचीत में यह बातें कहीं।
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प्राची ने कहा कि पिछले एशियाई खेलों में रजत जीतने के बाद से ही स्वर्ण पदक जीतने के लिए तैयारी शुरू कर दी थी। कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी उनसे कहा था कि स्वर्ण पदक जीतकर लौटोगी, तो डीएसपी का पद मिलेगा। मुख्यमंत्री की इस बात ने उनके इरादे को और मजबूत कर दिया। प्राची ने बताया कि वह प्रतियोगिता के लिए रवाना होने से पहले वर्दी का नाप देकर गई थीं और मन में यही ठानकर गई थीं कि इस बार हर हाल में गोल्ड लेकर लौटना है।
उन्होंने कहा कि स्वर्ण पदक जीतने का सफर आसान नहीं था, लेकिन लक्ष्य स्पष्ट हो तो मेहनत रंग जरूर लाती है। प्राची ने गांव और क्षेत्र के लोगों से अपील की। कहा कि वे अपने बच्चों को ज्यादा से ज्यादा खेलों के लिए घर से बाहर निकलने दें और उनका पूरा सहयोग करें। भारत में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, जरूरत केवल उन्हें अवसर और प्रोत्साहन देने की है।
यदि बच्चों को परिवार और समाज का साथ मिले तो देश के लिए और ज्यादा पदक आ सकते हैं। इस मौके पर खाप चौधरी वीरेंद्र सिंह, डॉ. डीके चौधरी, डॉ. सचिन चौधरी, कुलदीप चौधरी, हुक्म सिंह, बबलू प्रधान आदि मौजूद रहे।
अगला लक्ष्य वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए क्वालीफाई करना
प्राची ने अपने अगले लक्ष्य के बारे में बताया। कहा कि अब उनकी नजर वर्ल्ड चैंपियनशिप के लिए क्वालीफाई करने पर है। प्रतियोगिता अगले वर्ष सितंबर में चीन में होगी। इसमें भारत के लिए पदक जीतना अगला लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि एशियन गेम्स का स्वर्ण पदक कॅरिअर का एक पड़ाव है। उनकी मंजिल अभी बाकी है। 2028 के लॉस एंजिलिस में होने वाले ओलंपिक खेलों के लिए भी वह तैयारी कर रही हैं।
प्राची की राह में फूल ही फूल, बेटी के स्वागत में उमड़ा जिला
जिस बेटी ने अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर गोल्ड जीतकर तिरंगा लहराया, उसके स्वागत में शुक्रवार को सहारनपुर से लेकर झबीरण तक पूरा इलाका उमड़ पड़ा। एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता प्राची चौधरी की एक झलक पाने के लिए परिजनों से लेकर खेल प्रेमियों और ग्रामीणों तक में जबरदस्त उत्साह रहा। स्टेशन पर भारत माता के जयकारों से स्वागत हुआ तो गांव तक रास्ते में जगह-जगह पुष्पवर्षा हुई। खुली जीप में रोड शो करते हुए प्राची गांव पहुंचीं और मंदिर में माथा टेककर बड़ों का आशीर्वाद लिया। घर पहुंचते ही ढोल की थाप पर जश्न शुरू हो गया। गांव के स्कूल में आयोजित सम्मान समारोह में प्राची को सम्मानित किया गया।
एशियाई खेलों की स्वर्ण पदक विजेता प्राची चौधरी का शुक्रवार को सहारनपुर स्टेशन पहुंचने पर शानदार स्वागत हुआ। परिजनों के साथ खेल प्रेमी बड़ी संख्या में सहारनपुर रेलवे स्टेशन पहुंचे। दिल्ली-सहारनपुर सुपरफास्ट एक्सप्रेस ट्रेन से प्राची चौधरी दोपहर करीब 12:50 बजे रेलवे स्टेशन पर पहुंची। स्टेशन पर उन्हें लेने के लिए उनकी बहन, भतीजी एवं अन्य परिजन पहले से ही मौजूद थे। ट्रेन के पहुंचते ही भारत माता की जय के नारों से प्राची चौधरी का स्वागत किया गया। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत की। बताया कि उनका सपना डीएसपी बनने का है। प्रदेश सरकार गोल्ड मेडल विजेता खिलाड़ियों को डीएसपी पद पर नियुक्त करती है। अब वह मुख्यमंत्री से भी मुलाकात करेंगी।
बताया कि आगामी विश्व चैंपियनशिप में प्रतिभाग कर स्वर्ण पदक जीतना उनका अगला लक्ष्य है। इसके अलावा ओलंपिक 2028 के खेलों के लिए भी वह अभी से तैयारी कर रही हैं। प्राची चौधरी को स्टेशन से खुली जीप में ले जाया गया। कुछ दूर जाकर उन्होंने गाड़ी बदल ली।
स्टेशन पर नकुड़ विधायक मुकेश चौधरी, महापौर डॉक्टर अजय कुमार, रालोद के प्रदेश सचिव चौधरी धीर सिंह, खेल अधिकारी राहुल चोपड़ा, एथलेटिक्स के सहायक प्रशिक्षक लाल धर्मेंद्र प्रताप, जिला एथलेटिक्स संघ के सचिव के डॉक्टर अशोक कुमार गुप्ता समेत अन्य लोग मौजूद रहे। उधर, रालोद खेल प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय प्रभारी चौधरी नीरपाल सिंह ने भी प्राची चौधरी को बधाई दी।