सहारनपुर। पिलखनी स्थित राधा स्वामी सत्संग भवन में नौ व दस मार्च को होने वाले कार्यक्रम की परिवहन निगम ने तैयारी शुरू कर दी है। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद रोडवेज पिलखनी सत्संग भवन से 171 बसों का संचालन करेगा। यहां से बसें उत्तराखंड, हरियाणा और पश्चिमी यूपी के मुजफ्फरनगर, शामली चलेंगी। इनके संचालन के लिए कर्मचारियों की भी ड्यूटी लगाई गई है।
नौ और दस मार्च को पिलखनी स्थित राधा स्वामी सत्संग भवन में व्यास प्रमुख बाबा गुरिंदर सिंह ढिल्लो अपनी वाणी से संगत को निहाल करेंगे। सत्संग में पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, उत्तराखंड आदि कई राज्यों से लाखों अनुयायी पहुंचेंगे। परिवहन निगम पिलखनी से अस्थाई बस अड्डा बनाकर सत्संग बसों का संचालन कराएगा। यहां से देहरादून, हरिद्वार, जगाधरी, यमुनानगर, अंबाला, मुजफ्फरनगर, शामली, गंगोह, नकुड़, घंटाघर, रेलवे स्टेशन, मानकमऊ, कांशीराम बस स्टैंड तक जाएंगी। नौ मार्च को 57 और दस मार्च को 114 बसें चलेंगी। ये बसें सत्संग के बाद पूर्वाह्न 11 से शाम चार बजे संचालित होंगी।
नौ मार्च
- शामली, गंगोह-नकुड़ मार्ग पर चार-चार
- देहरादून, हरिद्वार, घंटाघर-रेलवे स्टेशन मार्ग पर पांच-पांच
- मुजफ्फरनगर मार्ग पर आठ
- यमुनानगर-अंबाला मार्ग पर 20 बसें
- मानकमऊ व कांशीराम बस अड्डे के लिए तीन-तीन
दस मार्च
- शामली, गंगोह-नकुड़ मार्ग पर आठ-आठ
- देहरादून, हरिद्वार, घंटाघर-रेलवे स्टेशन मार्ग पर दस-दस
- मुजफ्फरनगर मार्ग पर 16
- यमुनानगर-अंबाला मार्ग पर 40 बसें
- मानकमऊ व कांशीराम बस अड्डे के लिए छह-छह
वर्जन
पिलखनी में दो दिवसीय सत्संग के लिए परिवहन निगम की ओर से अस्थाई बस अड्डा बनाया जाएगा। यहां से दोनों दिन 171 बसें संचालित होंगी। इनके संचालन की व्यवस्था कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। - योगेंद्र प्रताप सिंह, क्षेत्रीय प्रबंधक, परिवहन निगम