सहारनपुर के देवबंद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के फिलीस्तीन दौरे पर जाने को लेकर देवबंदी उलमा का कहना है कि भारत ने हमेशा फिलीस्तीन की हिमायत की है और आगे भी करता रहेगा। इसलिए पीएम के दौरे से उम्मीद है कि इस्राइल और फिलीस्तीन के बीच बेहतर संबंध बन सकते हैं।
दारुल उलूम जकरिया के मोहतमिम मौलाना मुफ्ती शरीफ खान कासमी का कहना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का फिलीस्तीन दौरे पर जाना एक बहुत अच्छा कदम है। क्योंकि येरुशलम के मुद्दे पर भारत ने हमेशा फिलीस्तीन का समर्थन किया है और भारत की विदेश नीति भी हमेशा से फिलीस्तीन के पक्ष में रही है।
इसलिए पीएम मोदी का फिलीस्तीन दौरा कई मायने से अहम है। उन्होंने कहा कि फिलीस्तीन के राजदूत अदनान अबू अलहाइजा ने यह उम्मीद जताई है कि भारतीय प्रधानमंत्री फिलीस्तीन और इस्राइल के बीच एक शांति दूत बन सकते हैं।
हम उनके बयान का समर्थन करते हैं हमें भी यह उम्मीद है कि पीएम मोदी दोनों मुल्कों के बीच बेहतर संबंध बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। मौलाना शरीफ खान ने पीएम मोदी से मांग करते हुए कहा कि वे फिलीस्तीन की अवाम के हकों के लिए बेहतर कदम उठाएं।
फतवा ऑनलाइन के चेयरमैन मौलाना मुफ्ती अरशद फारुकी ने कहा कि हिंदुस्तान की हिमायत हमेशा से फिलीस्तीन को हासिल है। हमें उम्मीद है कि भारत का ये रुख आईंदा भी बरकरार रहेगा।
मदरसा अदीबुल उलूम के मोहतमिम कारी रिहान का कहना है कि भारत ने संयुक्त राष्ट्र में फिलीस्तीन के हक में वोट कर जिस तरह समर्थन दिया था। उसके बाद पीएम मोदी का फिलीस्तीन का दौरा करना सराहनीय कदम है। इससे बेहतर परिणाम की उम्मीद की जा सकती है।