सहारनपुर। यूपी बोर्ड परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो गईं। पहले दिन 10वीं और 12वीं के परीक्षार्थियों ने हिंदी की परीक्षा दी। दोनों कक्षाओं में 67965 परीक्षार्थियों के सापेक्ष 64540 ने परीक्षा दी, जबकि 3425 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। सचल दस्तों ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। डीएम आलोक कुमार पांडेय ने भी कई केंद्रों पर व्यवस्था का जायजा लिया।
मंगलवार को पहली पाली में प्रात: 08 बजे से पूर्वाह्न 11:15 बजे तक 10वीं के प्रारंभिक हिन्दी विषय की परीक्षा हुई। जिले भर में 35459 विद्यार्थी पंजीकृत थे, जिनमें से 33414 ने परीक्षा दी, जबकि 2045 गैरहाजिर रहे। सुबह की पाली की परीक्षा के लिए परीक्षार्थी सुबह सात बजे से ही केंद्रों पर पहुंच गए थे। एंट्री के दौरान परीक्षार्थियों के प्रवेश पत्र चेक किए गए। सघन तलाशी भी ली गई। नकल होने की कोई भी गुंजाइश ना रहे, इसके लिए परीक्षार्थियों की हैंडवॉच तक उतरवाकर रखवा दी गई थी। कई केंद्रों पर जूतों और जुराबों तक की तलाशी ली गई। दोपहर की पाली में दो से 05:15 बजे तक 12वीं की सामान्य हिन्दी विषय की परीक्षा रही, जिसके लिए जनपद में 32506 परीक्षार्थियों के सापेक्ष 31126 ने परीक्षा दी, जबकि 1380 गैरहाजिर रहे। डीएम आलोक कुमार पांडेय ने शहर के कई परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण करते हुए वहां सीसीटीवी, वायस रिकॉर्डर और अन्य व्यवस्थाएं देखी। व्यवस्था को दुरुस्त बनाए रखने के लिए केंद्र व्यवस्थापकों को निर्देश दिए। उनके अलावा सभी छह सचल दस्तों और अन्य अधिकारियों ने भी परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। नकल का कोई मामला सामने नहीं आया।
तीन सेक्टर मजिस्ट्रेट का वेतन रोका
यूपी बोर्ड परीक्षा के पहले ही दिन ड्यूटी से नदारद रहे तीन सेक्टर मजिस्ट्रेट का एक दिन का वेतन रोकने की कार्रवाई एडीएम-प्रशासन के द्वारा की गई है। इनमें जोन छह के सेक्टर मजिस्ट्रेट ओपीराम, सिद्धार्थ और अरुण कुमार शामिल हैं।
अन्य लोगों पर भी होगी कार्रवाई
बोर्ड परीक्षाओं में ड्यूटी में लगाए गए किसी भी स्तर के कर्मचारी यदि ड्यूटी के प्रति लापरवाही करते हैं तो उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने के आदेश शासन ने दिए हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक डॉक्टर अरुण कुमार दूबे ने बताया कि बोर्ड परीक्षा अहम कार्य है, जिसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा
बोर्ड मुख्यालय ने परीक्षा के बाद उत्तर पुस्तिकाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। परीक्षा केंद्रों से स्ट्रांग रूम तक कॉपियों को सुरक्षित तरीके से पहुंचाने तथा स्ट्रांग रूम पर भी 24 घंटे के लिए सुरक्षा कर्मी तैनात करने को कहा गया है। अपरिहार्य परिस्थितियों में उप संकलन केंद्र बनाने तथा अगले दिन सुरक्षित तरीके से मुख्य संकलन केंद्र पर अनिवार्य रूप से भेजने को कहा गया है।
एंट्री को लेकर हंगामा
परीक्षार्थियों के लिए प्रवेश पत्र के साथ ही रजिस्ट्रेशन स्लिप लेकर पहुंचना अनिवार्य है। यदि कोई छात्र बीते वर्ष दसवीं में फेल हुआ है और इस बार भी परीक्षा दे रहा है तो उसके लिए बीते वर्ष की मार्कशीट लेकर पहुंचना अनिवार्य है। पहले दिन परीक्षा केंद्रों पर कई परीक्षार्थी रजिस्ट्रेशन स्लिप और मार्कशीट लेकर जाना भूल गए। ऐसे में केंद्रों पर उन्हें एंट्री नहीं दी गई। इसे लेकर एसएएम इंटर कॉलेज समेत कई केंद्रों पर हंगामा हुआ। हालांकि बाद में अंडरटेकिंग लेकर उनको एंट्री दे दी गई।
जेल से परीक्षा देने पहुंचा छात्र
एसएएम इंटर कॉलेज में एक छात्र नोएडा जेल से 12वीं की हिन्दी की परीक्षा देने के लिए पहुंचा था। सूत्रों ने बताया कि उक्त परीक्षार्थी के साथ भारी पुलिस बल था। परीक्षा के दौरान साथ आए पुलिसकर्मी केंद्र के भीतर ही रहे।
गुरू नानक गर्ल्स इंटर कॉलेज में बोर्ड की परीक्षा देकर बाहर आती छात्राएं- फोटो : SAHARANPUR
एसएएम इंटर कॉलेज पर चेकिंग करती शिक्षिकाएं- फोटो : SAHARANPUR