वक्फ संशोधन कानून को लेकर मुस्लिम समाज में भारी आक्रोश बना हुआ है। इसे लेकर जमीयत उलमा ऐ हिंद के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी ने समुदाय के लोगों को हिदायत दी है।
वक्फ संशोधन कानून को लेकर मुस्लिम समाज में भारी आक्रोश बना हुआ है। अलग-अलग प्रांतों में इसको लेकर विरोध प्रदर्शन भी किए जा रहे हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए जमीयत उलमा-ए-हिंद के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना अरशद मदनी ने मुल्क की आवाम (जनता) से सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन न करने की अपील की है।
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विरोध जताना गलत नहीं लेकिन तरीका सही नहीं
मौलाना अरशद मदनी ने मंगलवार को जारी बयान में कहा कि अन्याय के विरुद्ध विरोध प्रदर्शन कर आवाज बुलंद करना गलत नहीं है, लेकिन इसका तरीका सही होना चाहिए। उन्होंने आशंका जताते हुए कहा कि अगर सड़कों पर उतरकर विरोध प्रदर्शन किया तो हो सकता है कि सांप्रदायिक ताकतें कभी भी आपको निशाना बना सकती हैं।
माहौल के मद्देनजर सभी को चाहिए कि वह अपने जज्बातों पर काबू रखे। मौलाना मदनी ने कहा कि कहा कि शांतिपूर्वक विरोध दर्ज कराने के बहुत से तरीके हैं। कहा कि रमजान माह में ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया था।