सहारनपुर। मां शाकुंभरी विश्वविद्यालय में संचालित ऐसे पाठ्यक्रमों को बंद करने की तैयारी है, जिनमें दस से कम प्रवेश हुए हैं। हालांकि, प्रवेश लेने की अंतिम तिथि 11 अक्तूबर है, लेकिन इनमें कई पाठ्यक्रम ऐसे हैं, जिनमें प्रवेश का आंकड़ा दस तक पहुंचना मुश्किल है।
विश्वविद्यालय परिसर में स्नातकोत्तर स्तर के 28 पाठ्यक्रम तीन वर्ष पहले शुरू किए गए थे। इनमें कई पाठ्यक्रम ऐसे हैं, जिनकी फीस अन्य विश्वविद्यालयों में एक से दो लाख रुपये सालाना है, लेकिन मां शाकुंभरी विश्वविद्यालय उन्हें 20 से 30 हजार रुपये सालाना पर करा रहा है। इसके बावजूद युवाओं का रुझान मां शाकुंभरी विश्वविद्यालय की ओर फिलहाल कम है। यही वजह से कि अनेक पाठ्यक्रमों में सीटें 30 फीसदी भी नहीं भरी जा रही हैं। इतने कम प्रवेश पर पाठ्यक्रम को चलाना विश्वविद्यालय के लिए मुश्किल है।
ऐसे में विश्वविद्यालय इस बार दस से कम प्रवेश वाले पाठ्यक्रमों को बंद करेगा। पिछले दिनों दीक्षांत समारोह के लिए सहारनपुर आईं कुलाधिपति/राज्यपाल आनंदी बेन पटेल भी ऐसे पाठ्यक्रमों को बंद करने के लिए कह गई हैं, जिनमें प्रवेश बेहद कम हैं। प्रवेश समन्वयक प्रो. ओमकार सिंह ने बताया कि विश्वविद्यालय प्रवेश की अंतिम तिथि 11 अक्तूबर तक इंतजार कर रहा है। उसके बाद दस से कम प्रवेश वाले पाठ्यक्रम बंद कर दिए जाएंगे। संवाद