सहारनपुर। हत्या का दोषी पाए जाने पर कोतवाली मंडी क्षेत्र के मोहल्ला शाहबलोल निवासी दिल्ला उर्फ दिलशाद को अपर सत्र न्यायाधीश ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपी पर 20 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
मोहल्ला शाहबलोल निवासी निजाम, इरशाद के कारखाने में नौकरी करता था। 29 अप्रैल 2016 निजाम कारखाने में जल गया था। उसने इशारे से बताया था कि दिल्ला उर्फ दिलशाद और उसके भाइयों ने आग लगाकर उसे जला दिया है। घटना की रिपोर्ट निजाम के भाई इमरान ने कोतवाली मंडी में दर्ज कराई कराई थी। पुलिस ने दिलशाद उर्फ दिल्ला, उसके भाई इरशाद और मुस्तकीम के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया था। सात मई 2016 को दिल्ली में निजाम की मृत्यु हो गई थी। पुलिस ने विवेचना उपरांत दिल्ला उर्फ दिलशाद के खिलाफ आईपीसी की धारा 302 में आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किया था। सहायक शासकीय अधिवक्ता सोनवीर सिंह ने बताया की मामले की सुनवाई के उपरांत साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर दोषी पाते हुए दिल्ला उर्फ दिलशाद को अपर सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या एक वीके लाल ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।