मीडिया से बातचीत करते हुए राकेश टिकैत ने कहा कि युवा नेता देश की धरोहर हैं। सांसद के साथ ऐसा व्यवहार अधिकारियों की तानाशाही को उजागर करता है। जनप्रतिनिधि के साथ ऐसा व्यवहार नहीं होना चाहिए। अधिकारियो के दिमाग खराब हो गए हैं। कहा कि सरकार योजनाओं के नाम पर किसानों के साथ छल कर रही है। सरकार किसानों को एक साल में छह हजार रुपये मिलने वाली सम्मान निधि में ही उलझा कर रखना चाहती है।
गन्ने व धान की फसलों के दाम नहीं बढ़ाए गए। इस पर सरकार ने कोई ध्यान नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि हमने सरकार को सुझाव दिया था कि किसानों के घरों पर बड़े सोलर प्लांट लगाकर उनकी सप्लाई पावर ग्रिड को दे दी जाए और उसके बदले में किसानों के नलकूपों पर सप्लाई दी जाए, ताकि किसानों व सरकार दोनों को ही लाभ मिल सके।
चौधरी राकेश टिकैत ने कहा कि सरकार किसानों के नुकसान पर ध्यान नहीं दे रही है। किसानों से जुड़ी योजनाएं केवल फाइलों में धूल फांक रही हैं। सरकार केवल हिंदू मुस्लिम करके वोट की राजनीति कर रही है। इस दौरान जिलाध्यक्ष नरेश स्वामी, वरिष्ठ जिला महासचिव अजय कांबोज, बबली कांबोज, हेमराज सिंह, सतपाल सिंह आदि मौजूद रहे।