किसान की जमीन पर खोद दिया कुआं
सहारनपुर। खान आलमपुरा यार्ड में रेलवे के लिए लोको वाशिंग शेड तैयार कर रही मधेपुरा इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव प्राइवेट लिमिटेड (एमईपीएल) कंपनी ने एक किसान की जमीन पर ही कुआं खोद दिया। यह खुलासा तब हुआ जब किसान ने कोर्ट में वाद दायर किया। इस मामले में रेलवे ने स्पष्ट किया कि चूक कंपनी स्तर पर हुई है। कंपनी के गलती मानने और किसान को उचित मुआवजा देेने के आश्वासन के बाद यह वाद निरस्त करने के आदेश किए गए हैं।
सिविल जज सीनियर डिवीजन कोर्ट में रेलवे की ओर से पैरवी करने वाले अधिवक्ता मनोज सिंघल ने बताया कि प्लांट के पास ही दाबकी जुनारदार निवासी महिला शाहिस्ता परवीन की जमीन है। शाहिस्ता ने कोर्ट में वाद दायर कर आरोप लगाया कि रेलवे से लाइसेंस के आधार पर काम कर रही कंपनी ने उसकी निजी जगह पर कुआं खोद दिया। इससे उसकी कीमती जमीन को काफी नुकसान पहुंचा है। सिंघल ने बताया कि इस मामले में रेलवे ने अपने पक्ष में साफ किया कि वाशिंग लोको शेड के लिए निर्धारित नक्शे में रेलवे की ही भूमि है। निजी जमीन पर यह अतिक्रमण कंपनी स्तर पर हुआ है।
अधिवक्ता के मुताबिक इन हालात में कंपनी ने शाहिस्ता से उचित मुआवजा देने के आश्वासन पर समझौता किया। इस आधार पर अब कोर्ट ने यह वाद निरस्त करने के आदेश दे दिए हैं।