सहारनपुर। प्रकाश पर्व पर गुरु गोबिंद सिंह को नमन करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल संवाद के दौरान कहा कि सरकार ने हर गरीब को 2022 तक अपना घर देने का लक्ष्य निर्धारित किया है। आत्मसम्मान के लिए गरीबों को उनका घर दिया जाए।
कार्यक्रम के दौरान सहारनपुर कलक्ट्रेट के एनआईसी भवन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से सीधा संवाद स्थापित करने के लिए व्यवस्था रखी गई। लाभार्थी बाला देवी निवासी चुन्हैटी गाड़ा को प्रधानमंत्री से संवाद करने के लिए अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के बीच बैठाया गया। इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पीएम आवास योजना के अंतर्गत सबसे ज्यादा आवास महिलाओं के नाम पर दिए जा रहे हैं। पारदर्शी तरीके से पात्रों के खाते में पैसा जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान ही प्रधानमंत्री ने लाभार्थियों के खातों में योजना की पहली किस्त ट्रांसफर की। सहारनपुर जिले के 2456 लाभार्थियों के खातों में 9,82,40,000 रुपये पहली किस्त के रूप में 40 हजार रुपये प्रति लाभार्थी के बैंक खाते में सीधे हस्तांतरित हुए हैं।
कार्यक्रम में कैराना से भाजपा सांसद प्रदीप चौधरी, विधायक देवेंद्र निम, विधायक कुंवर ब्रजेश सिंह, जिलाधिकारी अखिलेश सिंह, मुख्य विकास अधिकारी प्रणय सिंह, परियोजना निदेशक दुष्यंत कुमार आदि मौजूद थे।
पहली किस्त पाने वाले लाभार्थियों की ब्लाकवार स्थिति
जिले के बलिया खेड़ी ब्लाक क्षेत्र के 155, देवबंद क्षेत्र के 89, गंगोह क्षेत्र के 336, मुजफ्फराबाद के 386, नागल क्षेत्र के 90, नकुड़ क्षेत्र के 284, नानौता क्षेत्र के 139, पुवांरका क्षेत्र के 167, रामपुर मनिहारान क्षेत्र के 174, साढ़ौली कदीम क्षेत्र के 429 तथा सरसावा ब्लाक क्षेत्र के 207 लाभार्थियों के खातों में प्रथम किस्त की धनराशि पहुंची।
अब अंतिम छोर के पात्रों तक पहुंचती है योजना : चौधरी
सहारनपुर। कैराना से भाजपा सांसद प्रदीप चौधरी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पीएम आवास योजना के लाभार्थियों के खातों में सुलभ तरीके से सीधे पैसा हस्तांतरित किया है, जो साबित करता है कि योजनाओं में पारदर्शिता से कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पूर्व की सरकारों में ऐसी योजनाओं के पात्र लाभार्थियों तक पैसा नहीं पहुंचता था, बल्कि कागजों में योजना सिमट जाती थीं। अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार और योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार में अंतिम छोर तक के पात्रों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने का कार्य किया जा रहा है।