फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: सहारनपुर में संग्रह अमीन ने मां, पत्नी और दो बेटों की हत्या कर किया सुसाइड, सभी को मारी दो-दो गोलियां

Tue, 20 Jan 2026 09:23 AM IST
डिंपल सिरोही न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सहारनपुर

सार

Saharanpur News: सरसावा थाना क्षेत्र की कौशिक विहार कॉलोनी में अशोक राठी ने अपने पूरे परिवार की हत्या कर दी। फिर खुद को भी गोली मार ली। इस वारदात से पहले उसने अपनी बहनों को ऑडियो मेसेज भेजा था। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। देर रात पांचों शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया। 

विज्ञापन
सहारनपुर में पांचों मृतकों की फाइल फोटो। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सरसावा थाना क्षेत्र की कौशिक विहार कॉलोनी में सोमवार रात दिल दहला देने वाली वारदात हुई। संग्रह अमीन अशोक राठी (40) मां विद्यावती (70), पत्नी अंजिता (35), बेटे कार्तिक (16) और देव (13) के शव एक ही कमरे में पड़े मिले। पुलिस की प्राथमिक जांच में सामने आया कि रात में अशोक ने परिवार के सदस्यों को गोली मारकर खुद को गोली मार ली। वह काफी समय से अवसाद में था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मां-पत्नी और दोनों बेटों के सिर के अलावा सीने में गोली लगने की पुष्टि हुई है। अशोक के सीने और कनपटी में गोली लगी है। वहीं देर रात पांचों शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया। अशोक के ताऊ के पोते अरनव ने मुखाग्नि दी।

विज्ञापन

 

विलाप करते परिजन। - फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने बताया कि अशोक राठी नकुड़ तहसील में संग्रह अमीन के पद पर तैनात थे। मूलरूप से नकुड़ के गांव खारीबांस निवासी अशोक राठी करीब दो साल से सरसावा में परिवार के साथ रह रहे थे। पहले सरसावा की टीचर कॉलोनी में रहते थे। बाद में कौशिक विहार कॉलोनी में अपने गांव के ही मांगेराम का मकान किराये पर लिया। वे ऊपर वाले तल पर रहते थे, जबकि नीचे वाला तल खाली था। अशोक राठी की बहन पिंकेश सावन विहार कॉलोनी में रहती है।
 

घर में लगी भीड़। - फोटो : अमर उजाला
मंगलवार सुबह पिंकेश ने अशोक के मोबाइल पर कॉल की, जो कि रिसीव नहीं हुई। इसके बाद पिंकेश ने अपने बेटे प्रीत को भाई के घर भेजा। प्रीत को मामा के घर का दरवाजा बंद मिला। इसके बाद प्रीत ने अपने पिता जयवीर को सूचना दी। दोनों ने सीढ़ी लगाकर अंदर प्रवेश किया और रसोई की खिड़की तोड़कर दरवाजा खोला।
अंदर का मंजर देखकर उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। अंदर सभी के शव बिस्तर पर पड़े थे। अशोक राठी के सीने और कनपटी में गोली लगी थी, जबकि बाकी के माथे पर सटाकर गोली मारने के निशान थे। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सीने में भी गोली लगने की पुष्टि हुई है। अशोक राठी के पास से तीन देसी पिस्टल मिली हैं। मौके पर आठ से दस कारतूस के खोखे मिले हैं। डीआईजी अभिषेक सिंह, डीएम मनीष बंसल, एसएसपी आशीष तिवारी ने मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल की।





 

सरसावा पहुंचे सांसद इमरान मसूद। - फोटो : अमर उजाला
बहनों को भेजा मेसेज-मैं मजबूर हूं
पुलिस की जांच में सामने आया कि अशोक ने गोली मारने से पहले अपनी बहन पिंकेश और मोना को व्हाट्सएप पर ऑडियो मेसेज भेजे थे। इसमें वह कह रहा है कि मैं मजबूर था। अगर मैं अकेला मरता तो इन्हें कौन संभालता। इसमें किसी की कोई गलती नहीं।

अशोक का अवसाद का चल रहा था इलाज, एक माह चंडीगढ़ पीजीआई में भर्ती था
पुलिस का कहना है कि अशोक राठी पिछले कई साल से अवसाद में था। उसका इलाज चंडीगढ़ पीजीआई में चल रहा था। पिछले साल एक माह तक वह पीजीआई में भर्ती था। प्रथम दृष्टया यह बात भी सामने आ रही है कि अशोक ने मां, पत्नी और दोनों बेटों को नशीला पदार्थ खिलाया। इसके बाद उन्हें गोली मार दी।
 

विलाप करते परिजन। - फोटो : अमर उजाला
गांव में रहने को लेकर भी था विवाद
पुलिस की जांच में यह भी आया है कि अशोक और उसकी मां गांव के मकान में रहना चाहते थे, जबकि पत्नी और बच्चे सरसावा में बनाए नए मकान में रहना चाहते थे। एक फरवरी को नए मकान में शिफ्टिंग की तैयारी चल रही थी। परिवार में इसे लेकर विवाद था। अशोक के पिता सुरेंद्र तहसील में संग्रह अमीन थे। सुरेंद्र के निधन के बाद वह मृतक आश्रित कोटे में नौकरी में लगे थे।
 

घर के बाहर लगी भीड़। - फोटो : अमर उजाला
ये बोले एसएसपी
अशोक की मेडिकल हिस्ट्री देखी जा रही है। उसके मोबाइल में कुछ ऑडियो मैसेज मिले हैं। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि अशोक ने सभी की हत्या की, फिर खुद आत्महत्या कर ली।
- आशीष तिवारी, एसएसपी
विज्ञापन

देर रात हुआ शवों का अंतिम संस्कार। - फोटो : अमर उजाला
ये बोले डीआईजी
जांच में सामने आया है कि अशोक ने पहले परिवार के सदस्यों को गोली मारी। इसके बाद खुद गोली मारकर आत्महत्या कर ली। परिवार के सदस्यों को एक-एक गोली माथे में और सीने में भी गोली मारी थी। घटनाक्रम की कोई ठोस वजह सामने नहीं आई है। अवसाद ही इसका कारण माना जा रहा है। फिलहाल जांच जारी है।
- अभिषेक सिंह, डीआईजी



यह भी पढ़ें: UP: एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत से मातम, भाई का फोन न उठने पर घर पहुंची बहन, अंदर का मंजर देख उड़े होश  


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें