नकुड़। क्षेत्र के गांव रानीपुर में किसानों के भूसे के कूप और उपलों के बिटौड़ों में आग लग गई। देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। ग्रामीणों ने अपने स्तर पर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन तेज लपटों के कारण आग लगातार फैलती चली गई।
गांव रानीपुर में आबादी के पास यमुना नदी की पटड़ी पर काफी संख्या में किसानों के भूसे के कूप और बिटौड़े रखे हैं। मंगलवार को आग लगने पर कोतवाली से फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर बुलाई गई। ग्रामीणों और दमकल कर्मियों ने करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। तब तक आग की चपेट में आकर नीटू, मिंटर, शौकीन, इनाम और संतोष समेत करीब 15 से 20 किसानों के बिटौड़े व भूसे के कूप जलकर राख हो गए। गांव निवासी संजीव कुमार ने बताया कि सोमवार को भी अज्ञात कारणों से आग लगी थी, जिसे ग्रामीणों ने समय रहते बुझा दिया था। मंगलवार को दोबारा आग भड़क गई और इस बार उसने विकराल रूप ले लिया। आग लगने से किसानों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से पीड़ित किसानों को मुआवजा दिलाने की मांग की है।