सहारनपुर। जिले के आम के शौकीन देश ही नहीं विदेश में भी है, लेकिन पिछले दो वर्षों से जिले से आम के निर्यात में कमी आई है। इसके पीछे हवाई सफर का महंगा होना सबसे बड़ा कारण है। नेपाल सबसे अधिक आम जाता था। वहां भी पिछले दो वर्षों से आम का निर्यात नहीं हुआ है।
जिले से वित्त वर्ष 2021-22 में जिले से कुल 2.86 लाख किलो आम का निर्यात किया था। इसमें नेपाल को सबसे अधिक 2.41 लाख किलो आम भेजा गया था। इसके बाद जिले के आम का सबसे बड़ा आयातक देश यूनाइटेड किंगडम रहा। इसके अलावा भूटान को एक हजार किलो और स्विटजरलैंड को 800 किलो आम का निर्यात किया गया। वित्त वर्ष में 2022-23 में कुल 54, 805 किलो आम का निर्यात विभिन्न देशों को हुआ। 2023-24 में घटकर यह मात्र 3770 किलो रह गया। हालांकि, वित्त वर्ष 2024-25 में 9605 किलो आम का निर्यात किया गया। कारोबारी तफजील अहमद ने बताया कि वह लंदन आम को भेजते हैं। पिछले कुछ वर्षों से रामकेला की मांग अधिक है। पिछले वर्ष 16 कंटेनर लंदन भेजे गए थे।
पिछले एक दो सालों से निर्यात में कमी आई है। इसका कारण हवाई सेवाओं का किराया अधिक होना है। यूक्रेन-रूस युद्ध के चलते हवाई किराया बढ़ा है, जो किराया पहले 100 रुपये प्रति किलो पड़ता था, वह अब 300 से 400 रुपये प्रति किलो पड़ता है।
- सुनील कुमार, ज्येष्ठ कृषि विपणन निरीक्षक