सहारनपुर। देहात कोतवाली क्षेत्र में टपरी स्थित को-ऑपरेटिव शराब फैक्टरी पर कुर्की की कार्रवाई होगी। इसमें 35 करोड़ रुपये का एक्साइज घोटाला हुआ था। पुलिस ने कुर्की के लिए कागजी कार्रवाई शुरू कर दी है। फिलहाल फैक्टरी का आंकलन हो रहा है, ताकि संपत्ति की कुर्की के समय कोई बाधा उत्पन्न न हो सके। बीते साल प्रबंध निदेशक समेत 27 लोगों पर पुलिस ने गैंगस्टर की कार्रवाई की थी। टपरी गांव स्थित को-ऑपरेटिव कंपनी लिमिटेड है, जो देशी शराब बनाती थी। इस फैक्टरी में 35 करोड़ रुपये तक की एक्साइज ड्यूटी (आबकारी शुल्क) और जीएसटी चोरी का बड़ा घोटाला सामने आया था। जांच में पाया गया था कि अभिलेखों में फर्जीवाड़ा और हेराफेरी की। जीपीएस, सीसीटीवी आदि जैसे तकनीकी पर्यवेक्षक उपकरणों में छेड़छाड़ की गई थी। इससे बड़ी मात्रा में जीएसटी चोरी, एक्साइज की चोरी, इनकम टैक्स चोरी और मनीलांड्रिंग की गई। 11 महीने की अवधि में लगभग 35 करोड रुपये की एक्साइज चोरी की गई थी।
फैक्टरी में अवैध रूप से अतिरिक्त देशी शराब का उत्पादन किया गया। जिलाधिकारी के अनुमोदन पर देहात कोतवाली पुलिस ने नौ दिसंबर 2025 में शराब कारोबारी मनोज जायसवाल और नीरज जायसवाल समेत 27 लोगों के विरुद्ध गैंगस्टर एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
अब पुलिस ने संयुक्त रूप से शराब फैक्टरी को कुर्क करने के लिए तैयारी शुरू कर दी है। थाना जनकपुरी पुलिस को संपत्ति की जांच के लिए जिम्मेदारी दी गई है। कुर्की की कार्रवाई के लिए दस्तावेज तैयार कर पुलिस जिला प्रशासन के पास भेजेगी, इसके बाद आगामी कार्रवाई शुरू होगी।
चर्चा है कि आरोपी पक्ष ने अदालत में भी मामला दायर किया है, जहां से उन्हें कुछ राहत मिली है। हालांकि जांच अधिकारी इंस्पेक्टर विनोद कुमार मिश्रा ने बताया कि टपरी स्थित शराब फैक्टरी मामले में देहात कोतवाली पुलिस ने गैंगस्टर की कार्रवाई की थी। अब कुर्की की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। इसके लिए कागजी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।