सहारनपुर। मलेरिया इंस्पेक्टर से 30 लाख रुपये की रंगदारी मांगने का मामला सामने आया है। पीड़ित ने एक महिला और उसके साथी पर लिव-इन रिलेशनशिप का फायदा उठाकर परिवार समेत जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया है। कोर्ट के आदेश पर थाना जनकपुरी पुलिस ने महिला समेत दो के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में तैनात मलेरिया इंस्पेक्टर धर्मेंद्र सिंह पाल ने तहरीर देकर बताया कि वर्ष 2012 में तैनाती पोलियो विभाग में सुपरवाइजर के पद पर थी। उसी दौरान पोलियो वैक्सीनेटर के रूप में कार्यरत एक महिला से पहचान हुई, जो बाद में उनके घर भी आने-जाने लगी। आरोप है कि दोनों की सहमति से लिव-इन रिलेशनशिप रहा, लेकिन कुछ समय बाद महिला का व्यवहार बदल गया और उसने उनसे जबरन रुपये लेने शुरू कर दिए। संबंध समाप्त होने से पहले महिला करीब पांच लाख रुपये ले चुकी थी।
वर्ष 2022 में महिला अपने एक साथी के साथ फिर संपर्क में आई और दोनों ने पुराने संबंधों व फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी देकर ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। आरोप है कि धमकी देकर मई 2026 तक कई लाख रुपये वसूले गए। जब उसने रुपये देने से इनकार किया तो दोनों आरोपियों ने उसके और उसके बच्चों को जान से मारने की धमकी दी व मकान खरीदने के नाम पर 30 लाख रुपये की मांग की। इस मामले में पुलिस की तरफ से कोई कार्रवाई नहीं की। पीड़ित ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। सीओ द्वितीय मनोज कुमार यादव ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर थाना जनकपुरी पुलिस ने गुलजहां और फैसल अंसारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है।