कोर्ट में यह भी बताया गया कि पूर्व विवेचक ने आरोपों को गलत मानते हुए केस में एफआर लगा दी थी और मार्च 2018 में इस केस में कोर्ट से गिरफ्तारी पर स्टे भी मिला था। आरोप है कि राजनीतिक दबाव के कारण पुन: इस केस की विवेचना बदलवा दी गई है।
‘अटैच’ का मतलब
सहारनपुर बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अरविंद कुमार शर्मा ने बताया कि किसी संपत्ति को बेनामी मानते हुए सरकार उसे अपने कब्जे में ले लेती है, तो उस संपत्ति को अटैच करना कहा जाता है। यह संपत्ति सरकार में निहित हो जाती है। जब तक आरोपित व्यक्ति या कोई अन्य जांच एजेंसी को उस संपत्ति के वैध कागजात नहीं दिखाता, तब तक उस पर सरकार का कब्जा रहता है।
- ग्लोकल यूनिवर्सिटी- फोटो : SAHARANPUR