घर में मिली बलकटी और खून से सने जूतों के निशान
रामपुर मनिहारान(सहारनपुर)। कृष्ण पाल शर्मा और उनकी पत्नी सुनीता शर्मा की हत्या के बाद कस्बे में सनसनी फैल गई। दोहरे हत्याकांड से शिवपुरी कालोनी में दहशत का माहौल व्याप्त हो गया। पुलिस ने छानबीन की तो छत पर खून से सनी बलकटी मिली। वहीं जीने पर खून से सने जूतों के निशान मिले। इसके अलावा दो संदिग्ध सीसीटीवी में कैद हो गए हैं।
सीओ यतेंद्र नागर ने बताया कि पुलिस को मकान की छत पर खून से सनी बलकटी मिली है। हत्यारों के खून से सने जूतों के निशान जीने पर मिले हैं। वहीं डॉग स्क्वायड टीम ने जैसे ही डॉग को छोड़ा तो वह पास के कब्रिस्तान से होता हुआ करीब 500 मीटर दूर रेलवे ट्रैक के पास तक जाकर ठहर गया। पुलिस ने वहां काफी देर तक छानबीन की। घटना के दौरान कृष्ण पाल शर्मा और सुनीता घर पर अकेले थे। माना जा रहा है कि हत्याकांड को अंजाम देने से पहले हमलावरों ने रैकी की थी। मृतक दंपती का मकान नगर की पॉश कालोनी में है। हत्यारे पूरी प्लानिंग के साथ छत के रास्ते अंदर घुसे और वारदात को अंजाम देकर छत से ही फरार हो गए। पुलिस ने आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली तो उसमें दो संदिग्ध दिखाई दे रहे हैं। रजवाहे की पटरी से जा रहे दोनों संदिग्धों की पहचान कराई जा रही है।
पैसे का लेनदेन हो सकता है हत्या की वजह
सीओ ने बताया है कि प्रथम दृष्टया हत्या का कारण पैसे का लेनदेन हो सकता है। कृष्णपाल शर्मा ब्याज पर पैसे देते थे। इस बिंदु पर भी जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि घर में किसी प्रकार की लूटपाट नहीं की गई है।
आला अधिकारी पहुंचे मौके पर
इस जघन्य हत्याकांड की सूचना पर डीआईजी उपेंद्र अग्रवाल, एसएसपी दिनेश कुमार पी, एसपी सिटी विनीत भटनागर, सीओ यतेन्द्र सिंह नागर मयफोर्स मौके पर पहुंचे और जांच की। फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड ने भी छानबीन की। एसएसपी का कहना था कि हत्या के कारणों का पता लगाया जा रहा है। खुलासे के लिए तीन टीमें गठित की हैं।
याद आया 14 साल पहले का मंजर
14 साल पहले शिवपुरी कालोनी में इसी प्रकार अध्यापक दंपती फूल सिंह और उनकी पत्नी की भी धारदार हथियारों से ही काट कर नृशंस हत्या कर दी गई थी। पुलिस आज तक उस हत्याकांड का खुलासा खुलासा नहीं हो सकी है। लोगों का कहना था कि आज उन्हें फिर वही मंजर याद आ गया।
हत्याकांड की जानकारी लगते ही पहुंचे नेता
हत्याकांड के बाद पूर्व ब्लाक प्रमुख चौधरी नक्षत्र पंवार, प्रदीप चौधरी, चौधरी जसबीर प्रधान, संजय राठी, चेयरमैन प्रतिनिधि विवेकांत सिंह, पूर्व चेयरमैन अनिल अग्रवाल, काजी नदीम अहमद, चौधरी जोगेन्द्र, शंकर कश्यप, कृष्ण चंद सैनी, दीपक सैनी आदि मौके पर पहुंचे। सभी ने हत्याकांड पर दुख व्यक्त करते हुए पुलिस से शीघ्र ही खुलासे की मांग की।
मिलनसार थे कृष्ण पाल और सुनीता
कालोनी के लोगों ने बताया कि दोनों पति-पत्नी बेहद मिलनसार थे और पूजा-पाठ में रमे रहते थे। 200 बीघा जमीन और करोड़ों की कोठी के मालिक होने के बावजूद उनका व्यवहार बहुत सौम्य था। यही कारण था कि कालोनी के लोगों की आंखों नम थीं। कृष्ण पाल शर्मा किसान थे और मूल रूप से नानौता थाने के गांव अनंत मऊ के रहने वाले थे। 20 वर्षों से वह रामपुर मनिहारान की शिवपुरी कालोनी स्थित मकान में रह रहे थे। यहीं से वह अपनी खेतीबाड़ी का काम भी देखते थे। उनका अपने गांव में लगातार आना-जाना लगा रहता था। पड़ोसियों ने बताया कि कृष्ण पाल शर्मा की दो बेटियां हैं और दोनों की ही शादी हो चुकी है। एक बेटा है, जो इंजीनियरिंग की प्रवेश परीक्षा के लिए कोचिंग कर रहा है। उसकी शादी अभी नहीं हुई है।