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नगर निगम की जमीन पर बना दिया मार्केट

Sun, 11 Mar 2018 12:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, सहारनपुर
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नगर निगम की जगह पर बनी मार्केट। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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कोतवाली सदर क्षेत्र में नगर निगम के कूड़ा घर की एक करोड़ रुपये से अधिक की जमीन पर मार्केट खड़ी कर दी गई है। कब्जाधारियों ने इस जमीन का बाकायदा बैनामा तक करा लिया है और नगर निगम मूक दर्शक बना सब देखता रहा। पूरी घटना से वाकिफ होने के बावजूद निगम के अधिकारी कार्रवाई करने से बच रहे हैं।
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जिस जमीन पर कब्जा किया गया उस पर कई वर्षों से कूड़ा डाला जा रहा था। लेकिन, कुछ समय पहले नगर स्वास्थ्य विभाग ने यहां कूड़ा डलने पर रोक लगा दी थी। कूड़ा डालना बंद होने के कुछ ही दिन बाद कुछ लोगों ने इस भूमि पर कब्जा कर लिया।

पहले अस्थाई कब्जा किया गया, लेकिन बाद में आठ दुकानें बनाकर मार्केट तैयार कर दिया। इस काम में दो महीने से अधिक का समय लगा। नगर निगम को भनक तक न लगे, ऐसा कैसे संभव है। अब नगर निगम की नींद टूटी और जांच हुई तो पता चला है कि किसी समिति ने कब्जाधारी को उक्त जमीन का बैनामा किया है।
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सूत्रों ने बताया कि फिलहाल मामले की जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई करने और जमीन वापस लेने की बजाय नगर निगम के कुछ अधिकारी कब्जाधारियों के साथ सौदा करने में जुटे हैं। 

पानी की टंकी परिसर पर भी कब्जा
सहारनपुर। चकराता रोड स्थित पुराना घास कांटा के पास नगर निगम की टंकी है। टंकी परिसर के काफी बड़े हिस्से पर लोगों ने दुकानें तैयार कर ली हैं। साफ नजर आ रहा है कि उक्त दुकानें टंकी की जमीन पर हैं।

नगर निगम के अधिकारियों का कहना है कि उक्त लोगों के पास बैनामा है। इतना ही नहीं, टंकी की शेष जमीन पर भी स्थानीय लोगों ने अस्थाई कब्जा किया हुआ है। पूरे परिसर में डेयरी चल रही है, जिसमें दर्जनों भैंसें पाली जा रही हैं। लेकिन, नगर निगम के अधिकारियों को इसकी परवाह नहीं है।

स्वास्थ्य विभाग की मंशा पर भी सवाल
नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग ने इस जमीन पर कूड़ा डलवाना बंद कराया था। इसके बाद कब्जाधारियों ने जमीन पर कब्जाकर मार्केट बना दी। लेकिन, नगर निगम के अधिकारी सोते रहे। ऐसे में नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की नीयत पर भी सवाल उठ रहे हैं।

नगर निगम की जमीन पर मार्केट तैयार करने का मामला गंभीर है। इस संबंध में संबंधित अधिकारियों से जवाब मांगा जाएगा। यदि जमीन नगर निगम की ही है तो जमीन को हर हाल में वापस लिया जाएगा।

इसमें किसी अधिकारी की संलिप्तता मिली तो उसके विरुद्घ भी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। साथ ही चकराता रोड स्थित पानी की टंकी की जमीन पर भी स्थाई और अस्थाई कब्जों की जांच कराई जाएगी। 
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- गौरव वर्मा, नगरायुक्त।
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