सहारनपुर। पेपर मिल रोड स्थित टैगोर गार्डन निवासी राजेंद्र कुमार ने कोर्ट के आदेश पर निजी अस्पताल के डाक्टर दंपती के खिलाफ जनकपुरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोप है कि चिकित्सक दंपती ने उसकी पत्नी को गैर जरूरी दवाएं दे दीं, जिससे उसकी पत्नी की मौत हो गई।
सदर कोतवाली क्षेत्र के टैगोर गार्डन निवासी राजेंद्र कुमार का आरोप है कि जनवरी 2018 में उसकी पत्नी की तबीयत खराब हो गई थी। छह जनवरी को उसने जनकपुरी थाना क्षेत्र स्थित अस्पताल में भर्ती कराया। जहां तीन महीने तक चिकित्सकों ने उसकी पत्नी रेखा को दवा दी। लेकिन उसकी तबीयत में कोई सुधार नहीं हुआ। पत्नी को एक सितंबर 2018 को पीजीआई चंडीगढ़ में दिखाया। जहां चिकित्सकों ने उसकी पत्नी को कैंसर बताया। तीन सितंबर को उसकी पत्नी का निधन हो गया। वहां के चिकित्सकों ने बताया कि उसकी पत्नी को जो दवाएं दी गईं, वह दो माह से अधिक नहीं दी जानी चाहिए। चंडीगढ़ के चिकित्सकों ने इस पर आपत्ति भी जताई। राजेंद्र ने आरोप लगाया कि चिकित्सकों की लापरवाही से ही उसकी पत्नी की मौत हुई है। इस संबंध में उसने कोर्ट में अपील की। कोर्ट के आदेश पर जनकपुरी थाना में गायत्री रैना और डाक्टर सुभाष चंद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक मुकेश गौतम का कहना है कि कोर्ट के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज हुई है। मामला एक साल पुराना है, निष्पक्ष जांच की जाएगी।