फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

प्रतिबंध के बावजूद यमुना नदी में हो रहा है, अवैध रेत खनन

विज्ञापन
विज्ञापन
नकुड़ (सहारनपुर)। एनजीटी द्वारा खनन पर पूर्ण प्रतिबंध के बावजूद क्षेत्र में यमुना नदी से अवैध रेत खनन लगातार जारी है। खनन माफिया रात के अंधेरे में ट्रैक्टर-ट्रालियों और डंफर आदि से रोजाना लाखों रुपये का रेत सप्लाई कर रहे हैं, जबकि स्थानीय पुलिस खनन न होने का राग अलाप रही है।
विज्ञापन

कोतवाली क्षेत्र के गांव नसरूल्लागढ़ पास करोड़ों रुपये का खनन का खेल चल रहा है। खनन माफियाओं ने यमुना का सीना छलनी करके ठेके पर जमीन लेकर रेत पहाड़ के पहाड़ लगाए गए है। यहां से प्रतिदिन आधी रात में ट्रैक्टर-ट्रालियों और अन्य वाहनों से रेत की ढुलाई की जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि एक-एक डंपर सात से आठ चक्कर लगा रहा है। यहां से नकुड़ और टाबर के रास्ते रेत ढोने का काम किया जा रहा है। विगत पंद्रह दिनों से बड़ी मात्रा में रात के समय रेत का अवैध खनन जारी है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार स्थानीय पुलिस को अवैध खनन की सूचना देकर इस पर रोक लगाने की मांग की, परंतु पुलिस ने अवैध खनन की शिकायतों को नजर अंदाज कर दिया।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि भले ही प्रदेश सरकार अवैध खनन पर कड़ी कार्रवाई करने के दावे कर रही है। परंतु इतने बड़े पैमाने पर खुलेआम अवैध खनन होना पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लगा रहा है। उनका आरोप है कि यह सब थाना पुलिस की मिलीभगत से ही संभव है। उधर, एसडीएम अमित आसेरी ने इस बाबत पूछने पर कहा कि अगर क्षेत्र से खनन की अवैध परिवहन हो रहा है तो यह गंभीर मामला है वह इसकी जांच कराएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें