सीओ ने बताया कि शनिवार की रात और रविवार की सुबह श्रीराम चौक के निकट पुराना अस्पताल परिसर में स्थित आरोपी डीपी सिंह के सरकारी आवास पर पुलिस ने दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिला। उसकी पत्नी भी स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत है। आरोपी मूलरूप से जनपद बदायूं का रहने वाला है।
शराब ठेकेदार से सेटिंग और अकूत कमाई
पता चला है कि आरोपी डीपी सिंह ने स्वास्थ्य विभाग में नौकरी करने के साथ ही अकूत दौलत कमाने के लिए सहारनपुर में अपना नेटवर्क बना लिया। यहां तक कि शराब कारोबारियों के भी संपर्क में आ गया। मामले में गिरफ्तार आशु
अरोड़ा और शुभम
धीमान से भी इसका गहरा दोस्ताना हो गया। इन्हीं से एक आरोपी का शहर में घंटाघर के पास बीयर शॉप भी है। चर्चा है कि डीपी सिंह इनके साथ कारोबारी रिश्ता भी बना चुका था, ताकि मोटी कमाई की जा सके। अब अनैतिक धंधे में आरोपी बनने पर सब बातें निकलकर सामने आ रही हैं। इस धंधे में आरोपी बने डीपी सिंह की हरकतों की चर्चा स्वास्थ्य विभाग में भी खूब हो रही हैं।