सहारनपुर। बागपत निवासी राखी कश्यप हत्याकांड को नौगांवा के पास जिस फार्म हाउस में अंजाम दिया गया उसकी दीवारों पर आज भी खून के छींटे लगे हैं। जांच में जिस तरीके से अब पर्दा उठ रहा है वह बेहद हैरान कर देने वाला है। दूसरे आरोपी कपिल चौहान का भी घटनास्थल से करीब दो किमी दूर पठानपुरा गांव के पास फार्म हाउस है, लेकिन हत्याकांड को खुद के फार्म पर अंजाम देने की बजाय देहरादून निवासी एक व्यक्ति के फार्म हाउस को चुना गया। पुलिस ने वहां के चौकीदार को भी हिरासत में लिया है।
27 अप्रैल को नौगांवा के पास रजबहे में राखी कश्यप का शव मिला था। जांच में आया कि भाजपा नेता सुधारस चौहान और उसका साथी कपिल चौहान 25 अप्रैल को राखी कश्यप को लेकर यहां पहुंचे थे। सबसे पहले वह पठानपुरा स्थित कपिल चौहान के फार्म हाउस पर गए। कुछ समय रुकने के बाद तीनों नौगांवा के पास उस फार्म हाउस पर आए, जहां राखी को मौत के घाट उतारा गया। वह फार्म हाउस देहरादून के एक व्यक्ति का है, जिस पर जसमौर निवासी चौकीदार को देखभाल के लिए रखा हुआ है।
चौकीदार पहले से ही कपिल चौहान का परिचित है। फार्म हाउस पर चौकीदार तीनों के लिए खाना लेकर आया। इसके बाद उसे वहां से भेज दिया गया। तीनों ने पार्टी की और फिर योजनाबद्ध तरीके से राखी की हत्या की गई। फार्म हाउस की दीवारों पर खून के छींटे लगे हुए हैं। हत्याकांड के बाद चौकीदार के बिस्तर में शव लपेटा और रजबहे में ले जाकर फेंक दिया। फिलहाल पुलिस ने चौकीदार को भी हिरासत में लिया है, जिससे देर रात तक पूछताछ चलती रही।
रजबहे में शव के ऊपर फेंकी गई थी झाड़ी
आसपास के ग्रामीणों में यह भी चर्चा है कि जिस समय शव फेंका गया वह काफी देर तक ऊपर उतराता रहा। इसके बाद आरोपियों ने उसके ऊपर झाड़ियां भी डाल दी थी, जिससे शव किसी को दिखाई न दें, लेकिन पानी का बहाव इतना तेज नहीं था कि शव आगे चला जाए। शव ऊपर ही उतराता रहा। हालांकि झाड़ियां फेंकने वाले तथ्य पर पुलिस जांच कर रही है।
चौकीदार की भूमिका संदिग्ध
बताया जा रहा है कि चौकीदार जब फार्म हाउस पर पहुंचा तो वहां कोई नहीं था। उसका बिस्तर भी गायब था। गांव में चर्चा है कि चौकीदार ने किसी से यह भी कहा था कि जो लोग फार्म हाउस पर आए थे वह उसका बिस्तर भी अपने साथ ले गए, लेकिन बड़ा सवाल यह है कि क्या चौकीदार को दीवार खून के छींटे नहीं दिखाई दिए। पुलिस को सूचना क्यों नहीं दी।
चौकीदार से पूछताछ की जा रही है। हालांकि इस पूरे घटनाक्रम में चौकीदार की भूमिका कितनी है या फिर नहीं है, अभी इस पर कुछ नहीं कहा जा सकता। जांच जारी है।
- मयंक पाठक, एसपी देहात