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BKU Panchayat: किसानों के आंदोलन को धार देने सहारनपुर पहुंचे राकेश टिकैत, बड़ी संख्या में जुटे किसान

Sat, 20 Jul 2024 04:54 PM IST
Dimple Sirohi अमर उजाला ब्यूरो, सहारनपुर

सार

भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत आज सहारनपुर में किसान पंचायत में पहुंचे। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने के लिए हाईवे का निर्माण कराया जा रहा है।
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राकेश टिकैत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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निर्माणाधीन शामली-अंबाला हाईवे पर धरनारत किसानों के आंदोलन को धार देने के लिए शनिवार को भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत आज सहारनपुर पहुंचे। भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कलसी में किसान महासभा में कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार अटल वाजपेई की विचारधारा वाली नही है बल्कि किसान विरोधी सरकार देश में से खेती बाडी का खात्मा करने पर आमादा है। 

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तीतरों के ग्राम कलसी में पिछले 23 दिनों से चल रहे निर्माणाधीन शामली-अम्बाला हाईवे पर धरनास्थल पर पहुंचे भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने किसानों की महासभा में कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार किसानों की बजाय उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने के उदेदश्य से ही शामली-अम्बाला हाईवे का निर्माण कर रही है।

उन्होंने कहा कि किसान हाईवे के विरोध में नहीं हैं लेकिन सरकार भूमि अधिग्रहण बिल के मुताबिक किसानों को उनकी भूमि का सर्किल रेट के अनुसार मुआवजा दें लेकिन यह सरकार किसानों की खेतीबाड़ी को खत्म करके उन्हें विदेशी कम्पनियों का मजदूर बनाने पर तुली है। 

उन्होंने कहा कि सरकार विदेशी कम्पनी वाॅलमार्ट के लिए हाईवे बना रही है जबकि किसानों को उस पर चलने की अनुमति नहीं है। कहा कि किसान अपनी खेती की भूमि दे रहे हैं तो हर गांव में हाईवे पर कट लगेगा और अडंरपास व पुलों की ऊचंाई बढ़ाकर उनकी भूमि का मुआवजा दिया जाएगा, नहीं तो किसान किसी भी सूरत में हाईवे अथाॅरिटी को भूमि नहीं देगा, चाहे सरकार किसानों के उपर आंसू गैस के गोले दाग दे या फिर गोली चलावे दे।
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किसान - फोटो : अमर उजाला
उन्होंने कहा कि कलसी में मुआवजा नहीं मिलने किसान धरने पर बैठे रहेगें। समयावधि चाहे दो साल बीत जाए लेकिन किसान परवाह नहीं करते हैं। बशर्ते हाईवे अथाॅरिटी को निर्माण कार्य नहीं करने देना है।

कहा कि किसान विरोधी सरकार ने मेरठ में श्मसानों को भी नही छोड़ा तो खेती कहां पर छोडे़गी, मन्दिरों का जिक्र करते हुए कहा कि इनका रजिस्ट्रार कार्यालयों से समिति बनाकर पंजीकरण करा लें नहीं तो ये सरकार एक ठेकेदार नियुक्त करके अधिकार अपने हाथों में ले लेगें।

उन्होंने कहा कि धरनास्थल को धर्मस्थल की तरह ही वंदनीय बनाकर गरिमा बनाए रखें और अधिकारियों को उचित सम्मान ये आपके डाकिये का काम करके आपकी बात को सरकारों तक पहुंचाने का काम करते हैं। इससे पूर्व भाकियू कार्यकर्ताओं ने उनका माल्यार्पण कर स्वागत किया तथा कई तरह के चित्र भी भेंट किये हैं।  

22 दिनों से धरने पर बैठे हैं किसान
बता दें कि तीतरों के ग्राम कलसी में निर्माणाधीन शामली-अंबाला हाईवे पर किसान हाईवे अथाॅरिटी व सरकार से अपनी भूमि के अधिग्रहण के बाद मुआवजे की मागों को लेकर 22 दिनों से धरना प्रदर्शन कर रहे हैं। किसान अंडरपास, पुलों की ऊंचाई बढ़ाने तथा सर्विस रोड बनाने की मांग कर रहे हैं। शनिवार को भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ग्राम कलसी में धरनारत किसानों के बीच पहुंचेंगे।
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