छुटमलपुर(सहारनपुर)। बिहार के पूर्वी चंपारण जिले की पुलिस ने वहां से बहला फुसला कर भगाई गई अल्पसंख्यक समुदाय की युवती को बरामद कर लिया। हालांकि इस दौरान युवती को लाने वाला बिहारीगढ़ निवासी युवक पुलिस के हत्थे से हिंदू संगठन कार्यकर्ताओं की मदद से बच निकला। पुलिस युवती को लेकर लौट गई।
बीते वर्ष जुलाई में बिहारीगढ़ निवासी युवक तुषार बिहार के पूर्वी चंपारण जिले से मुस्लिम समुदाय की युवती को अपने साथ ले आया था। दोनों ने सहारनपुर के आर्य वैदिक विवाह मंदिर ट्रस्ट शारदा नगर में 11 जुलाई को शादी कर ली थी। युवती ने अपना नाम बदल कर अनुष्का रख लिया था। दोनों पिछले छह माह से छुटमलपुर की कमालपुर रोड पति पत्नी की तरह रह रहे थे। इसी दौरान दो दिन पहले बिहार पुलिस की टीम युगल की तलाश में छुटमलपुर आ पहुंची। इसी दौरान युगल को पुलिस टीम की भनक लग गई जिसके बाद दोनों हरिद्वार चले गए। बिहार पुलिस टीम सर्विलांस की मदद से हरिद्वार पहुंची और वहां की पुलिस की मदद से दोनों को पकड़ लिया, लेकिन इसी दौरान छुटमलपुर से गोरक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सोना पंडित कार्यकर्ताओं के साथ हरिद्वार पहुंच गए। उन्होंने युवक की जान को बिहार ले जाने पर खतरा बताते हुए अपना विरोध दर्ज कराया।
हिंदू संगठन कार्यकर्ताओं का विरोध बढ़ता देख बिहार पुलिस केवल लड़की को लेकर लौट गई। उधर, सोना पंडित का कहना था कि उन्हें जानकारी हुई है कि युवती पक्ष ने अपनी बड़ी बेटी की भी ऐसे ही प्रकरण में हत्या कर दी थी। उन्हें आशंका है कि वह अनुष्का की भी हत्या कर सकते हैं और तुषार की भी जान को वहां जाने पर खतरा था। उधर, बिहार पुलिस की एसआई रश्मि शर्मा ने बताया कि वहां युवक पर अपहरण का केस दर्ज है।