गंगोह। विधिक माप विज्ञान (नापतोल) विभाग की ओर से की गई सख्त कार्रवाई के बाद नगर के व्यापारियों में हड़कंप मच गया है। विभाग द्वारा दर्ज मामलों में कोर्ट ने बड़ी संख्या में व्यापारियों के विरुद्ध गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी कर दिए। पुलिस द्वारा कार्रवाई करते हुए कई व्यापारियों को गिरफ्तार भी किया गया है, जिससे व्यापारियों में हड़कंप मचा है।
व्यापारियों का कहना है कि नापतोल विभाग की ओर से न तो उन्हें कोई नोटिस भेजा गया, न ही मामले की पूर्व सूचना दी गई। बिना जानकारी के सीधे कोर्ट से एनबीडब्ल्यू जारी होने और पुलिस द्वारा गिरफ्तारी की कार्रवाई को लेकर व्यापारियों ने विरोध जताया है। मामले की जानकारी मिलने पर उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल के अध्यक्ष प्रदीप तायल, संयोजक दीपांशु गोयल आदि कोतवाली पहुंचे और वहां पुलिस अधिकारियों से मुलाकात कर व्यापारियों की समस्याएं सामने रखी। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वे सिर्फ न्यायालय के आदेशों का पालन कर रहे हैं।
इस पूरे मामले ने व्यापारियों में डर और असमंजस की स्थिति पैदा कर दी है। व्यापारी संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि बिना सूचना और संवाद के इस प्रकार की कार्रवाई जारी रही, तो वे आंदोलन करने को बाध्य होंगे। उधर, पूर्व चेयरमैन नोमान मसूद ने भी मामले में विभाग की कार्रवाई पर रोष जताया है। इस मामले में विभाग के निरीक्षक धनंजय कुमार ने बताया कि यह मामले कई वर्ष पुराने है और कोर्ट में विचाराधीन है। बिना सूचना के विभाग ऐसी कार्रवाई नहीं करता है।