सहारनपुर। 14 दिन पहले चिलकाना के दभेड़ा गांव स्थित खेत में दबी मिली सरकारी दवाइयों के मामले की जांच पूरी हो गई है। कमेटी ने जांच रिपोर्ट मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सौंप दी है। जांच में सामने आया कि 10 तरह की दवाइयां दभेड़ा उप स्वास्थ्य की थीं, जो वर्ष 2023 से 2025 के बीच अलग-अलग महीने में एक्सपायर हो गईं थीं।
23 अक्तूबर को खेत में मिली सरकारी दवाइयों की जांच अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. धर्मवीर सिंह कर रहे थे। उन्होंने टीम के साथ दभेड़ा पहुंचकर सीएचओ और ग्राम प्रधान पति से मामले की जानकारी ली थी। सारी दवाइयां जब्त करते हुए सरसावा सीएचसी में भेज दी थी।
यहां दो से तीन दिन स्टाफ दवाइयों के बैच नंबर, उनकी कीमत सहित अन्य जांच की थी। इसके बाद रिपोर्ट बनाकर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सौंप दी थी। एक लिस्ट बनाकर जनपदीय ड्रग वेयर हाउस भी भेजी गई थी।
जांच करने के बाद गठित टीम ने रिपोर्ट मुख्य चिकित्सा अधिकारी को सौंप दी है। जांच में पता चला कि 10 तरह की दवाइयां दभेड़ा में संचालित उप स्वास्थ्य केंद्र की है।
इनमें छह तरह की दवाई वर्ष 2023 व 2024 के अलग-अलग महीने में हुई थी। चार तरह की दवाई इस वर्ष के अलग-अलग महीने में हो गई थी। इस मामले में एक्सपायर दवाओं की कीमत तत्कालीन सीएचओ के वेतन से की जाएगी।